

BMC Protest Women Reservation Bill: महिला आरक्षण कानून में संशोधन के लिए लाया गया 131वां संविधान संशोधन विधेयक शुक्रवार को लोकसभा में नामंजूर हो गया।
इसी के विरोध में सोमवार को बीएमसी की सत्ताधारी भाजपा के नगरसेवकों ने काले रंग के कपड़े पहने और शिंदे गुट की शिवसेना के नगरसेवकों ने काली पट्टी बांधकर विरोध दर्ज कराते हुए सदन की कार्यवाही में हिस्सा लिया।
इसके जवाब में विपक्ष द्वारा भगवा वस्त्र पहने गए थे। सत्ताधारी और विपक्ष के भारी हंगामे के बीच सोमवार को बजट सत्र का कामकाज संपन्न हुआ, संसद में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने वाले कानून में संशोधन और परिसीमन (डिलिमिटेशन) से संबंधित विधेयकों के समर्थन में 298 वोट पड़े, जबकि विरोध में 230 वोट पड़े।
संसदीय लोकसभा क्षेत्रों की संख्या फिर से निर्धारित करने के लिए लाया गया परिसीमन विधेयक भी इन विधेयकों के साथ जुड़ा हुआ था। विपक्षी दलों को इसी मुद्दे पर आपत्ति थी। इस विषय पर सोमवार को चर्चा करते हुए भाजपा नगरसेवकों ने कहा कि देश की करोड़ों महिलाओं के सपनों को चकनाचूर कर दिया गया है।
भाजपा के गुट नेता गणेश खणकर ने कहा कि हम महिलाओं को सम्मान दिलाने के लिए प्रयास कर रहे है और इसके लिए भविष्य को ध्यान में रखते हुए नया सदन बनाने की मांग की। खणकर ने विपक्ष को चेतावनी देते हुए कहा, याद रखें कि आपने अपने भविष्य को अपने हाथों से लिख लिया है। वार्ड क्रमांक 47 के नगरसेवक एवं स्थायी समिति सदस्य तेजिंदर सिंह तिवाना ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा केवल राजनीतिक मतभेद का नहीं, बल्कि मातृशक्ति के सम्मान का है।