

Mumbai BMC Anti-Encroachment Drive: मुंबई के पूर्व और पश्चिम उपनगरों को जोड़ने वाली महत्वाकांक्षी गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड (जीएमएलआर) परियोजना को गति देने के लिए बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) ने रविवार को बड़े पैमाने पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। अमर नगर और खिंडीपाड़ा क्षेत्र में चलाए गए अभियान के तहत 150 अवैध आवासीय और व्यावसायिक निर्माणों को ध्वस्त किया गया, जो परियोजना के कार्य में बाधा बन रहे थे।
यह कार्रवाई बीएमसी के टी वार्ड कार्यालय की अतिक्रमण निर्मूलन टीम द्वारा उपायुक्त (परिमंडल-6) के मार्गदर्शन तथा सहायक आयुक्त के नेतृत्व में की गई। अभियान के दौरान पुलिस बल और अन्य संबंधित विभागों का सहयोग भी लिया गया, जिससे कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सकी।
अधिकारियों के अनुसार, परियोजना क्षेत्र में कुल 384 अवैध निर्माणों की पहचान की गई थी। इनमें से 150 निर्माणों को हटाया जा चुका है, जबकि शेष 234 अतिक्रमणों को अगले सप्ताह चरणबद्ध तरीके से हटाने की योजना बनाई गई है। बीएमसी का कहना है कि परियोजना की समयबद्ध प्रगति सुनिश्चित करने के लिए यह कार्रवाई आवश्यक थी।
गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड मुंबई की प्रमुख आधारभूत संरचना परियोजनाओं में से एक है। लगभग 12.20 किलोमीटर लंबी यह सड़क मुंबई शहर के पूर्वी और पश्चिमी उपनगरों के बीच सीधा संपर्क स्थापित करेगी। परियोजना के पूर्ण होने पर दोनों क्षेत्रों के बीच यात्रा समय में उल्लेखनीय कमी आने की उम्मीद है।
इस महत्वाकांक्षी परियोजना में सड़क निर्माण के अलावा भूमिगत सुरंग, फ्लाईओवर तथा अन्य आधुनिक यातायात सुविधाओं का भी समावेश है। इसके माध्यम से शहर के प्रमुख मार्गों पर यातायात का दबाव कम होगा और यात्रियों को अधिक सुगम एवं तेज आवागमन की सुविधा मिलेगी।
बीएमसी अधिकारियों का कहना है कि जीएमएलआर परियोजना मुंबई के यातायात नेटवर्क को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्माण कार्य को और गति मिलेगी, जिससे परियोजना को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने में मदद मिलेगी। नगर प्रशासन ने प्रभावित लोगों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि विकास कार्यों को समय पर पूरा करना शहर के दीर्घकालिक हित में है।