16 फरवरी की पहली बीएमसी सभा से पहले तैयारी तेज, बैठने की कमी दूर करने के लिए नई व्यवस्था

BMC की पहली सभा से पहले सभागृह में बैठने की कमी दूर करने के लिए प्रशासन ने प्रतिमाओं को व्यवस्थित कर अतिरिक्त बेंच लगाने का फैसला लिया है। इससे 10–15 नगरसेवकों के बैठने की नई व्यवस्था संभव होगी।
BMC Hall
बीएमसी हॉल (सौ. सोशल मीडिया )
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BMC Hall Seating Plan: बीएमसी सभा में अतिरिक्त 10 स्वीकृत सदस्यों को कहां बैठाया जाए। इसके लिए बीएमसी ने बेंच लगाने का फैसला किया है, ताकि सभी सदस्यों को बैठने की जगह मिले।

शुक्रवार को बीएमसी आयुक्त भूषण गगरानी ने बीजेपी गुट नेता गणेश खणकर, उद्धव सेना के किशोरी पेडणेकर व कांग्रेस के अशरफ आजमी सहित अन्य पार्टियों के गुट नेता के साथ बीएमसी सभागृह का निरीक्षण किया।

इस दौरान विषय विशेषज्ञ भी मौजूद थे। निरीक्षण में अधिकारियों ने यह बताया कि सभा में करीब 10 मूर्तियां मौजूद है जिस वजह से अतिरिक्त जगह घिरी हुई है।

सुझाव दिया गया कि यदि इन प्रतिमाओं को सही तरीके से एक जगह शिफ्ट किया जाए, तो करीब 12 से 15 नगरसेवकों के बैठने की अतिरिक्त व्यवस्था बेंच लगाकर हो सकती है। इस प्रस्ताव पर कमिश्नर ने सहमति जताते हुए आगे की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए।

बीएमसी की पहली सभा 16 फरवरी को

गौरतलब है कि बीएमसी की पहली सभा 16 फरवरी यानी सोमवार को बुलाई गई है। बता दें कि मुंबई महापौर चुनाव के दौरान कांग्रेस के कुछ नगरसेवकों को बैठने की जगह न मिलने पर असंतोष सामने आया था और इस मुद्दे को लेकर विरोध भी हुआ।

उसी के बाद से सभागृह में जगह बढ़ाने के विकल्पों पर काम शुरू किया गया। नगरसेवकों के लिए बैठने की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से बीएमसी प्रशासन ने इन प्रतिमाओं को सभागृह के भीतर ही एक स्थान पर व्यवस्थित रूप से स्थानांतरित करने का फैसला लिया है।

माना जा रहा है कि इससे सभागृह में अतिरिक्त जगह उपलब्ध हो सकेगी। बुधवार को आयोजित विशेष सभा में कांग्रेस को सीट नहीं मिल पाई जिस वजह से उन्होंने विरोध प्रदर्शन किया और स्थिति इतनी बढ़ गई कि कुछ नगरसेवक मेयर की कुर्सी के सामने फर्श पर बैठ गए। मामले की गंभीरता को देखते हुए महापौर रितु तावडे ने समाधान निकालने का आश्वासन दिया था।

सभागृह में मौजूद प्रतिमाओं को एक स्थान पर सुव्यवस्थित करने की योजना पर काम चल रहा है। इससे अतिरिक्त जगह तैयार होगी और कम से कम 10 लोगों के बैठने की व्यवस्था संभव हो सकेगी, साथ ही विशेषज्ञों से भी सलाह ली जाएगी ताकि समाधान संतुलित और सम्मानजनक हो।

- बीएमसी आयुक्त भूषण गगरानी

प्रतिमाओं को बिना किसी नुकसान के सभागृह के भीतर ही बेहतर ढंग से पुनर्स्थापित करने का सुझाव दिया है। इसके अलावा पुराने माइकों को हटाकर आधुनिक सेंसर आधारित माइकों के इस्तेमाल का प्रस्ताव भी रखा गया है। उनका कहना है कि इन प्रतिमाओं में भारत के गौरवशाली इतिहास की झलक है, इसलिए इन्हें बाहर नहीं बल्कि सभागृह के अंदर ही सम्मानपूर्वक स्थान दिया जाना चाहिए।

- गणेश खणकर (बीजेपी गुट नेता)

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