

Mumbai BMC Dispensaries Aapla Dawakhana Digital Payment: मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के दवाखानों और हिंदूहृदयसम्राट बालासाहेब ठाकरे ‘आपला दवाखाना’ में इलाज के लिए आने वाले मरीजों को जल्द डिजिटल भुगतान की सुविधा मिल सकती है। मरीजों के पंजीकरण की प्रक्रिया आसान बनाने और नागरिकों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सभी दवाखानों में पॉइंट ऑफ सेल (POS) मशीनें लगाने के निर्देश दिए गए हैं।
अतिरिक्त मनपा आयुक्त (शहर) प्राजक्ता वर्मा-लवंगारे ने गुरुवार को मालाड-मालवणी क्षेत्र के आंगनवाड़ी केंद्र और नागरिक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति और मरीजों के पंजीकरण की प्रक्रिया की समीक्षा की।
मालवणी स्थित स्वास्थ्य केंद्र में प्राजक्ता वर्मा-लवंगारे ने हॉस्पिटल मैनेजमेंट इन्फॉर्मेशन सिस्टम (HMIS) के माध्यम से मरीजों के पंजीकरण की प्रक्रिया का जायजा लिया। उन्होंने पंजीकरण को अधिक सुविधाजनक बनाने के लिए ऑनलाइन भुगतान की व्यवस्था शुरू करने और ‘आपला दवाखाना’ में भी डिजिटल पेमेंट की सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
POS मशीनों के इस्तेमाल से भुगतान प्रक्रिया को आसान बनाने में मदद मिल सकती है। हालांकि, सभी दवाखानों में यह सुविधा कब से शुरू होगी, इसकी समय-सीमा स्पष्ट नहीं की गई है।
निरीक्षण के दौरान आंगनवाड़ी केंद्रों में बच्चों को दिए जाने वाले पोषण आहार, स्वास्थ्य संबंधी रिकॉर्ड और मासिक पोषण आहार वितरण की जानकारी भी ली गई। इसके साथ ही ‘मिशन 1000 डेज’ के तहत गर्भावस्था से लेकर बच्चे के दो वर्ष की आयु तक मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण और विकास के लिए किए जा रहे कार्यों की समीक्षा की गई।
इस मिशन का उद्देश्य गर्भावस्था और बच्चे के शुरुआती वर्षों में पोषण तथा स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों पर ध्यान देना है।
प्राजक्ता वर्मा-लवंगारे ने मानसूनजनित और अन्य संक्रामक बीमारियों के साथ क्षय रोग की रोकथाम के लिए क्षेत्रीय स्तर पर किए जा रहे उपायों का भी जायजा लिया। इस दौरान आशा कार्यकर्ताओं और स्वास्थ्य सेविकाओं के कामकाज की समीक्षा की गई।
इसके अलावा, बोरीवली स्थित मुंबई बीएमसी के कॉम्प्रिहेंसिव थैलेसीमिया केयर, बालरोग रक्तदोष, कैंसर एवं बोन मैरो प्रत्यारोपण केंद्र के कार्यों की उन्होंने सराहना की। निरीक्षण के दौरान प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं, पोषण कार्यक्रमों और विशेष उपचार सुविधाओं को बेहतर बनाने पर जोर दिया गया।