Gondia News: यहां के उपप्रादेशिक परिवहन कार्यालय RTO को पिछले आर्थिक वर्ष में वाहन मालिकों के पसंदीदा नंबरों से 65.11 लाख रु. का राजस्व प्राप्त हुआ है। वाहन मालिकों में पसंदीदा नंबरों का क्रेज है, और क्योंकि वे नियम के अनुसार फीस देकर अपने पसंदीदा नंबर लेते हैं, इसलिए विभाग को भी इससे अच्छा राजस्व मिल रहा है।
गोंदिया उपप्रादेशिक परिवहन कार्यालय को पिछले आर्थिक वर्ष में 83.26 करोड़ रु. का राजस्व का लक्ष्य दिया गया था। इसमें से इस कार्यालय ने 81.34 करोड़ रु. का राजस्व कमाया है, जो 97.69 प्रश. है। उल्लेखनीय है कि आर्थिक वर्ष 2024-25 में गोंदिया उपप्रादेशिक परिवहन कार्यालय को 82.28 करोड़ रु. का राजस्व का लक्ष्य दिया गया था।
इसकी तुलना में यह विभाग 69.35 करोड़ रु. का राजस्व कमाने में सफल रहा। हालांकि, पिछले आर्थिक वर्ष में, पिछले साल की तुलना में राजस्व आय में बढ़ोतरी हुई थी, ऐसी जानकारी उपप्रादेशिक परिवहन विभाग के अधिकारी राजेंद्र केसकर ने दी। आरटीओ कार्यालय को वाहनों के पंजीयन से राजस्व मिलता है, जिसमें टूवीलर, फोरवीलर, मालवाहक वाहन और यात्री वाहन शामिल हैं।
सरकार हर साल इस विभाग के लिए लक्ष्य तय करती है। इन सभी सोर्स से यहां के आरटीओ कार्यालय को 81.34 करोड़ रु. का राजस्व मिला है, जो आर्थिक वर्ष 2024-25 से काफी ज्यादा है।
गोंदिया के उपप्रादेशिक परिवहन अधिकारी राजेंद्र केसकर ने कहा कि अधिकारी व कर्मचारियों की मेहनत का नतीजा परिवहन विभाग सरकार के लिए राजस्व जेनरेट करने वाले जरूरी विभाग में से एक है। हर साल इस विभाग के माध्यम से सरकारी खजाने में बड़ी रकम जमा होती है। इस वर्ष, आर्थिक वर्ष 2025-26 में गोंदिया उपप्रादेशिक परिवहन विभाग ने 81 करोड़ 34 लाख रु. का राजस्व जेनरेट किया है। यह कार्यालय के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों की मेहनत का नतीजा है।