शालार्थ आईडी घोटाला (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Education Department Fraud Gondia: महाराष्ट्र में चर्चित ‘शालार्थ आईडी’ घोटाले की जांच अब गोंदिया जिले तक पहुंच गई है। विशेष जांच दल (एसआईटी) ने यहां अचानक छापेमारी कर इस मामले में बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। इस कार्रवाई के बाद शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया है और घोटाले से जुड़े लोगों में भय का माहौल देखा जा रहा है। शुरुआती जांच में कई अहम सुराग हाथ लगे हैं, जिससे आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, एसआईटी की टीम ने अर्जुनी मोरगांव तहसील के महागांव क्षेत्र में अचानक छापा मारकर जांच को तेज कर दिया। इस कार्रवाई के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और जानकारी जुटाई गई है। छापेमारी के बाद स्थानीय स्तर पर भी इस मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है और कई संदिग्ध लोगों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।
छापेमारी के दौरान महागांव के एक शिक्षक को हिरासत में लेकर उससे करीब पांच घंटे तक गहन पूछताछ की गई। पूछताछ में उसके बैंक लेन-देन, दस्तावेजों की सत्यता और ‘शालार्थ आईडी‘ प्राप्त करने की प्रक्रिया में संभावित गड़बड़ियों की जांच की गई।
हालांकि प्रारंभिक पूछताछ के बाद उसे छोड़ दिया गया, लेकिन वह अभी भी जांच एजेंसी के रडार पर बना हुआ है। जैसे ही एसआईटी के गोंदिया पहुंचने की खबर सामने आई, घोटाले से जुड़े कई संदिग्ध आरोपी फरार हो गए। कुछ लोगों ने कार्रवाई के डर से जिला ही छोड़ दिया है।
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फिलहाल एसआईटी ने फरार आरोपियों की तलाश के लिए विशेष टीमों का गठन किया है और संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। एसआईटी ने साफ संकेत दिए हैं कि इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। गोंदिया जिले में इस घोटाले के उजागर होने से शिक्षा व्यवस्था की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो गए हैं और अब सभी की नजरें एसआईटी की अगली कार्रवाई पर लगी हुई है।