गोंदिया लोक अदालत में आपसी समझौते से हजारों मामलों का समाधान, बिजली-बैंक रिकवरी समेत 3.69 करोड़ रुपये वसूले गए

Gondia News: गोंदिया में राष्ट्रीय लोक अदालत के दौरान 13,665 मामलों का निपटारा हुआ। इससे 3.69 करोड़ रुपये की वसूली हुई और हजारों पक्षकारों को वर्षों पुराने कानूनी विवादों से राहत मिली।
Gondia National Lok Adalat settled 13,665 cases through mutual reconciliation, recovering over 3.69 crore. The drive successfully resolved pending bank, electricity, and water disputes, providing major relief to litigants.
Gondia Lok Adalat (सोर्स: नवभारत)
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District Court Gondia News: राष्ट्रीय विधि सेवा प्राधिकरण, सर्वोच्च न्यायालय, महाराष्ट्र राज्य विधि सेवा प्राधिकरण, उच्च न्यायालय मुंबई के तहत सालों से न्यायालय में प्रलंबित पड़े मामलों को मीडिएशन और सुलह के जरिए तुरंत निपटाने के लिए, जिला विधि सेवा प्राधिकरण तथा प्रमुख जिला व सत्र न्यायाधीश ए.एस. प्रतिनिधि व जिला विधि सेवा प्राधिकरण सचिव एन.के. वालके के मार्गदर्शन में जिला न्यायालय में तथा जिले की सभी तहसील विधि सेवा समिती के जरिए तहसील न्यायालयों में आपसी समन्वय पात्र न्याय प्रविष्ठ व पूर्व न्याय प्रविष्ठ मामलों के लिए तथा बिजली और बैंकों के साथ-साथ जनोपयोगी व पूर्व न्याय प्रविष्ठ मामलों के लिए राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसमें 13,665 मामलों का सफलतापूर्वक निपटारा किया गया। इस दौरान पक्षकारों ने समाधान व्यक्त किया। जिससे लोगों को स्थानीय स्तर पर सुनवाई हुई।

पानी, टेलीफोन, बैक रिकवरी मामलों का समझौता

इस लोक अदालत की खास बात यह है कि गोंदिया महावितरण के साथ-साथ बिजली, पानी, टेलीफोन, बैंक रिकवरी के पूर्व न्यायप्रविष्ठ मामले में जिन पक्षकारों ने समझौते के अनुसार संबंधित विभाग को बकाया की पूरी रकम जमा कर दी थी, उनके मामले हमेशा के लिए निपटा दिए गए। संबंधित विभाग और बकायादारों को भविष्य के कानूनी खर्च और मानसिक परेशानी से बचाया गया। कामकाज न्यायमूर्ति एम. पी.असीम, के.एन. गौतम, एस.सी. खुराना, एम.जे. मोहड, श्रीमती चरडे, गवई शेडगे, न्यायमूर्ति शेंडे के मार्गदर्शन में किया गया।

लोक अदालत में निपटाए गए मामले

लोक अदालत में प्रलंबित मामलों में से 113 मामले समझौते से निपटाए गए और 1,98,47,714 रु. वसूले गए, न्यायालय में प्रलंबित 48,745 मामलों में से 13,542 मामले निपटाए गए और 1,71,30,891 रु. वसूले गए। ऐसे कुल 53,307 मामलों में से 13,655 मामले निपटाए गए और कुल 3,69,78,605 रु. वसूले गए। इसी तरह, स्पेशल ड्राइव के तहत जिला न्यायालय में कुल 112 फौजदारी मामले रखे गए थे, जिनमें से 95 मामलों का निपटारा किया गया।

साथ ही, 1,384 पेट्टी मामले (प्लीड गिल्टी मामले) रखे गए थे, जिनमें से 893 मामलों का निपटारा किया गया, इससे पक्षकारों और अन्यों को मानसिक और आर्थिक परेशानी से बचाया गया। इस वजह से कई पक्षकारों ने खुशी जताई है।

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