Gadchiroli Scam News: गड़चिरोली अमेरिका के नासा संस्था को दुर्लभ धातु बेचने पर उसके करीब 2 लाख 30 हजार करोड़ भारतीय रिजर्व बैंक में जमा हुए है। ऐसा अजब नाटक रचकर एटापल्ली के एक आदिवासी किसान को 6 लाख 50 हजार रुपयों से ठग लिया। इस मामले में एटापल्ली पुलिस ने दो लोगों के खिलाफ ठगी का मामला दर्ज किया है। विशेषत इस टोली ने 100 से अधिक लोगों को ठगने की संभावना जताई जा रही है।
एटापल्ली के पैमा गांव निवासी कोलु वंज्या तलांडी को उसी के गांव के रमेश रैनु तलांडी और सुरेंद्र पांडुरंग मडावी ने एक विश्व योजना का लालच दिखाया। छग के एक व्यक्ति को कोसमस मेटल का 6 किलो का दुर्लभ पत्थर मिला होकर उसे नासा को बेचने का दावा आरोपियों ने किया था। इस व्यवहार से 2 लाख 30 हजार करोड़ रुपये रिजर्व बैंक के खाते में अटके होकर अनब्लॉक के लिए पैसे की आवश्यकता होने की बात कह शिकायकर्ता को विश्वास में लिया गया।
इस मामले का मुख्य सूत्रधार भामरागड़ का वासुदेव गिल्ला वड्डे है। अब 55 हजार रुपये भरने पर काम पूर्ण होने के बाद 40 करोड़ मिलेंगे, ऐसा लालच तलांडी को दिया। विशेषत आरोपियों ने पुरानी दोस्ती का लाभ उठाते हुए 7 मार्च 2025 को तलांडी से 55 हजार वसूले। इसके बाद आरबीआई द्वारा गिफ्ट के रूप में वाहन मिलेगा, ऐसी बात कह दोबारा 10 हजार रुपये लिए।
आरोपियों ने वीआईपी नाम का वॉट्सएप तैयार कर उसमें 113 सदस्य जोड़े। वहीं दिल्ली, कोलकता में आरबीआई के गर्वनर से मिलने जाने की बात कह आरोपियों ने समयसमय पर 2 से 15 हजार रुपयों की रकम वसूल की।
आरोपी वासुदेव वड्डे ने दिवाली की अवधि में एटापल्ली तहसील के मरपल्ली मार्ग पर 100 लोगों की गुप्त बैठक ली। दिसंबर तक आप सभी करोड़पति बनोंगे, ऐसी बात कह सभी से पैसे जमा किए। लेकिन जब शिकायकर्ता तलांडी ने अपने पैसों का हिसाब मांगा तो, उसे धमकाकर ग्र्रुप से बाहर किया गया।
इसमें में ठगाए जाने की बात स्पष्ट होते ही तलांडी ने एटापल्ली पुलिस थाने में पहुंचकर शिकायत दर्ज की। इस तरह की किसी भी लालच का शिकार न बने, ऐसी अपील पुलिस ने की है।