

Municipal Officer Attack Protest In Gadchiroli: गड़चिरोली जिले के अहेरी नगर पंचायत के कर एवं प्रशासनिक सेवा अधिकारी वैभव पांढरे पर कर्तव्य निर्वहन के दौरान हुए कथित जानलेवा हमले के बाद प्रशासनिक महकमे में भारी आक्रोश व्याप्त है। इस कायरतापूर्ण घटना के विरोध में और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर गड़चिरोली नगर परिषद के अधिकारियों और कर्मचारियों ने बुधवार को सामूहिक रूप से 'कामबंद आंदोलन' किया।
इस आंदोलन के जरिए कर्मचारियों ने न केवल घटना की तीव्र भर्त्सना की, बल्कि सरकारी सेवा में तैनात अमले की सुरक्षा को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े किए।
बुधवार सुबह से ही गड़चिरोली नगर परिषद परिसर में बड़ी संख्या में अधिकारी और कर्मचारी एकजुट होने शुरू हो गए थे। आंदोलन में शामिल सभी कर्मचारियों ने अपने हाथों पर काली पट्टी बांधकर प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। इस कामबंद आंदोलन के कारण नगर परिषद का दैनिक कामकाज कुछ समय के लिए पूरी तरह प्रभावित रहा, जिससे दफ्तरों में सन्नाटा पसरा नजर आया। आंदोलनकारियों ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सरकारी अधिकारी और कर्मचारी दिन-रात जनता की सेवा और प्रशासनिक कार्यों के सुचारू संचालन के लिए प्रतिबद्ध रहते हैं। ऐसे में ड्यूटी के दौरान उन पर इस तरह के हिंसक हमले होना अत्यंत गंभीर, निंदनीय और चिंताजनक विषय है।
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने अपनी सुरक्षा पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार की हिंसक वारदातों से प्रशासनिक सेवा से जुड़े कर्मचारियों के भीतर असुरक्षा की भावना लगातार घर कर रही है। जनता की सेवा बिना किसी डर और निष्पक्ष रूप से करने के लिए एक सुरक्षित माहौल बेहद जरूरी है। यदि अपने ही कर्तव्य स्थल पर अधिकारी सुरक्षित नहीं रहेंगे, तो इसका सीधा और नकारात्मक असर पूरी प्रशासनिक कार्यप्रणाली और शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन पर पड़ेगा।
अहेरी नगर परिषद के कर्मचारियों ने एक सुर में प्रशासन के सामने अपनी मांगें रखते हुए कहा कि अहेरी शहर मामले के मुख्य आरोपियों को बिना किसी देरी के तत्काल गिरफ्तार किया जाए और उनके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी धाराएं लगाकर मामला चलाया जाए।
इसके साथ ही कर्मचारियों ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि यदि सरकार और स्थानीय प्रशासन ने इस मामले में शीघ्र निर्णय लेकर दोषियों को सलाखों के पीछे नहीं भेजा और भविष्य के लिए अधिकारी-कर्मचारियों की सुरक्षा हेतु कोई प्रभावी या ठोस व्यवस्था नहीं बनाई, तो इस आंदोलन को पूरे जिले में और अधिक तीव्र व उग्र किया जाएगा।
कर्मचारियों ने अपनी एकजुटता दिखाते हुए दो टूक कहा, "कर्तव्य पर तैनात किसी भी अधिकारी या कर्मचारी पर होने वाले हमले को अब किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।" फिलहाल, कर्मचारियों ने प्रशासन को अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपकर न्याय और सुरक्षा सुनिश्चित करने की पुरजोर अपील की है।