

Gadchiroli Bhandala Anganwadi Cobra Snake: गडचिरोली जिला के चामोर्शी तहसील की आंगनवाड़ियों में छोटे बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। दहेगांव की आंगनवाड़ी में सांप मिलने की घटना के कुछ ही दिनों बाद मंगलवार को भेंडाला स्थित आंगनवाड़ी केंद्र में नाग सांप मिलने से हड़कंप मच गया। लगातार सामने आ रही घटनाओं से आंगनवाड़ी में आने वाले बच्चों के साथ उनके अभिभावकों में भी भय का माहौल है।
आंगनवाड़ी केंद्र छोटे बच्चों के पोषण, देखभाल और प्रारंभिक शिक्षा के लिए सुरक्षित स्थान माने जाते हैं। हालांकि, परिसर में बढ़ती झाड़ियां, घास, कचरा और गंदगी के कारण यहां सांप तथा अन्य जहरीले जीवों का खतरा बढ़ता जा रहा है। अभिभावकों का आरोप है कि नियमित साफ-सफाई और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर संबंधित विभाग की ओर से पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
कुछ दिन पहले चामोर्शी तहसील के दहेगांव स्थित आंगनवाड़ी केंद्र में सांप मिलने की घटना सामने आई थी। इस घटना के बाद भी परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे थे। मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि मंगलवार सुबह भेंडाला की आंगनवाड़ी परिसर में नाग दिखाई दिया।
सांप दिखाई देने की जानकारी मिलते ही आंगनवाड़ी परिसर में अफरा-तफरी मच गई। बच्चों की सुरक्षा को लेकर अभिभावकों की चिंता और बढ़ गई है। उनका कहना है कि यदि समय रहते इन स्थानों की साफ-सफाई और सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई तो किसी दिन बड़ा हादसा हो सकता है।
गडचिरोली जिला के चामोर्शी तहसील के भेंडाला स्थित स्थानीय लोगों के अनुसार, आंगनवाड़ी परिसरों में जगह-जगह घास और झाड़ियां बढ़ी हुई हैं, जबकि कई स्थानों पर कचरा और गंदगी भी जमा है। ऐसे वातावरण में सांप और अन्य रेंगने वाले जीवों के छिपने की संभावना बढ़ जाती है।
छोटे बच्चे रोजाना इन केंद्रों में आते हैं और परिसर में खेलते भी हैं। ऐसे में जहरीले सांप के सामने आने की घटनाओं को गंभीरता से लेने की जरूरत है। अभिभावकों ने प्रशासन से नियमित सफाई और सुरक्षा की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।
अभिभावकों ने मांग की है कि प्रशासन भेंडाला समेत चामोर्शी तहसील की सभी आंगनवाड़ियों का निरीक्षण कराकर तत्काल साफ-सफाई करवाए। झाड़ियों और घास की कटाई के साथ कचरा हटाया जाए और जहरीले जीवों से बचाव के लिए आवश्यक सुरक्षा उपाय किए जाएं।
अभिभावकों का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा में किसी भी तरह की लापरवाही स्वीकार नहीं की जा सकती। लगातार सामने आ रही घटनाओं को देखते हुए संबंधित विभाग को इस मामले में तत्काल ठोस कदम उठाने की जरूरत है।