

Dhule Highway ST Bus Accident: सूरत-धुले मार्ग पर बारडोली के पास हुए भीषण एसटी बस हादसे ने महाराष्ट्र राज्य मार्ग परिवहन महामंडल (एसटी) की किराया आधारित (ठेका) बस सेवा की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्नचिन्ह खड़ा कर दिया है। यह दुर्घटना महज एक चालक की गलती नहीं, बल्कि उस पूरी व्यवस्था की विफलता है जिसने बार-बार विवादों में रहने वाले चालक को दोबारा स्टीयरिंग थमा दी।
हादसे का शिकार बनी बस के चालक का पिछला रिकॉर्ड बेहद चिंताजनक है, जिसे प्रशासन ने पूरी तरह नजरअंदाज किया नंदुरबार डिपो में तैनाती के दौरान उसने तीन से चार खड़ी बसों को टक्कर मारी थी। 10 मार्च 2026 को कन्नड़ के पास उसी के अधीन बस जलकर खाक हो गई थी, बावजूद इसके चालक की क्षमता की कोई जांच नहीं हुई। बारडोली हादसे से महज कुछ दिन पहले ही उसे दोबारा धुले विभाग में तैनात कर दिया गया। सवाल यह है कि आखिर स्थानीय प्रबंधन और वरिष्ठ अधिकारियों ने उसके पुराने रिकॉर्ड को क्यों अनदेखा किया ?
धुले विभाग में 2023 से किराया आधारित बस सेवा शुरू होने के बाद दुर्घटनाओं का ग्राफ लगातार ऊपर गया है।
| वर्ष | मामूली हादसे | गंभीर हादसे | प्राणघातक (जानलेवा) हादसे |
|---|---|---|---|
| 2023 | 1 | 1 | 0 |
| 2024 | 14 | 11 | 3 |
| 2025 | 26 | 8 | 1 |