महाराष्ट्र बनेगा एग्रीकल्चर AI हब! CM फडणवीस ने वैश्विक निवेशकों को दिया बड़ा न्योता

AI Impact Conference: फडणवीस ने एआई इम्पैक्ट सम्मेलन में महाराष्ट्र को वैश्विक कृषि-नवाचार का केंद्र बताया। उन्होंने निवेशकों से एआई आधारित सटीक सिंचाई और कीट नियंत्रण समाधानों मे निवेश की अपील की।
Maharashtra to become an agricultural AI hub! CM Fadnavis extends a grand invitation to global investors
(महाराष्ट्र बनेगा एग्रीकल्चर AI) महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Devendra Fadnavis AI Summit: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने वैश्विक निवेशकों से खेती के लिए कृत्रिम मेधा (एआई) समाधानों को बढ़ाने में साझेदार बनने का शुक्रवार को आह्वान किया। साथ ही कहा कि उनका राज्य दुनिया के सबसे आधुनिक कृषि-नवाचार परिवेश में से एक बन रहा है।

वैश्विक फूड सिस्टम पर बढ़ता दबाव

'एआई इम्पैक्ट सम्मेलन' में भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता ने कहा, '' महाराष्ट्र आज वैश्विक स्तर पर कृषि-नवाचार के सबसे सशक्त एवं आकर्षक परिवेश में से एक पेश करता है।''फडणवीस ने कहा कि यहां 150 लाख हेक्टेयर खेती की जमीन, अलग-अलग तरह के कृषि जलवायु परिस्थिति, बड़े कृषि विश्वविद्यालय और एआई शोध केन्द्र, स्टार्टअप परिवेश, स्पष्ट नियामकीय ढांचा और निवेशकों के लिए एकल खिड़की सुविधा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस राज्य को चुनने से, साझेदार को दुनिया भर की अर्थव्यवस्था को जोड़ने, खद्य सुरक्षा एवं जलवायु सहिष्णुता के लिए मापन योग्य समाधान में निवेश करने का मौका मिलता है।

महिला किसानों पर विशेष फोकस

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना (DPI) और जिम्मेदार AI को प्राथमिकता दी है। उनका मानना है कि टेक्नोलॉजी आधारित समाधान कृषि क्षेत्र में स्थायी बदलाव ला सकते हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि 2026 को खेती में महिलाओं का अंतर्राष्ट्रीय वर्ष घोषित किया गया है। AI सॉल्यूशन केवल महिला किसानों के लिए नहीं, बल्कि उनके साथ मिलकर डिजाइन किए जाने चाहिए, ताकि वास्तविक जरूरतों को समझा जा सके।

भविष्य की साझेदारी और लक्ष्य

उन्होंने कहा, '' कृषि केवल एक आर्थिक क्षेत्र नहीं है, यह रोजी-रोटी, सामाजिक स्थिरता और राष्ट्रीय सुरक्षा है। भारत इसे बहुत गहराई से समझता है और हमारे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदृष्टी नेतृत्व में भारत ने डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचा और जिम्मेदार एआई को राष्ट्रीय विकास के केंद्र में रखा है।''

उन्होंने कहा कि एआई स्थानीय मौसम का पूर्वानुमान, कीटों के फैलने की शुरुआती चेतावनी, सटीकता, सिंचाई एवं उर्वर्रकों के बारे में दिशानिर्देश दे सकता है।

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