

छत्रपति संभाजीनगर रिडास इंडिया मामले में निवेशकों को 2.40 करोड़ लौटाने का आदेश।
नीलाम संपत्ति से मिले 2.27 करोड़ पर ब्याज जुड़ने के बाद बढ़ी राशि।
कुल 211 निवेशकों ने 6.03 करोड़ से अधिक के दावे पेश किए।
अदालत ने दावों के अनुपात में भुगतान करने का निर्देश दिया।
रकम NEFT या RTGS के जरिए निवेशकों के बैंक खातों में जमा होगी।
Chhatrapati Sambhajinagar Ridas India Scam Investor Refund MPID Court: रिडास इंडिया प्रॉपर्टीज घोटाला मामले में विशेष एमपीआईडी अदालत ने निवेशकों को ब्याज सहित 2.40 करोड़ लौटाने का आदेश दिया है। कुल 211 निवेशकों ने 6.03 करोड़ से अधिक के दावे पेश किए हैं। उपलब्ध राशि दावों के अनुपात में बैंक खातों में जमा कराई जाएगी।
छत्रपति संभाजीनगर, रिडास इंडिया प्रॉपर्टीज प्राइवेट लिमिटेड घोटाला मामले में निवेशकों को राहत मिली है। विशेष एमपीआईडी अदालत ने जब्त संपत्ति की नीलामी से प्राप्त राशि और उस पर मिले ब्याज सहित कुल 2 करोड़ 40 लाख 46 हजार 792 रुपये निवेशकों को लौटाने का आदेश दिया है।
विशेष सत्र न्यायाधीश संजय कुलकर्णी ने निर्देश दिया कि उपलब्ध राशि निवेशकों के दावों के अनुपात में उनके बैंक खातों में जमा कराई जाए। चूंकि निवेशकों की कुल दावा राशि उपलब्ध रकम से काफी अधिक है, इसलिए सभी को उनके दावों के अनुपात में भुगतान किया जाएगा।
इस मामले में सिटी चौक पुलिस थाने में महाराष्ट्र जमाकर्ताओं के हितों का संरक्षण (एमपीआईडी) अधिनियम की धारा 3, 4 और अन्य संबंधित प्रावधानों के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
अदालत के आदेश पर गंगापुर तहसील के सिद्धनाथ वड़गांव स्थित गट क्रमांक 7 और 34 की संपत्ति की नीलामी की गई थी। नीलामी से प्राप्त 2 करोड़ 27 लाख रुपये अदालत में जमा कराए गए थे। इस रकम को इंडियन बैंक की समर्थ नगर शाखा में सावधि जमा यानी एफडी के रूप में रखा गया था।
जमा राशि पर ब्याज जुड़ने के बाद अब कुल 2,40,46,792 उपलब्ध हैं। अदालत ने इसी राशि को निवेशकों में वितरित करने का आदेश दिया है।
मामले में औरंगाबाद शाखा के 160 और बुलढाणा के 51 निवेशकों सहित कुल 211 निवेशकों ने 6 करोड़ 3 लाख 71 हजार 708 रुपये के दावे पेश किए हैं।
इस तरह कुल दावों की राशि उपलब्ध रकम से काफी अधिक है। इसी कारण अदालत ने प्रत्येक निवेशक को उसके दावे के अनुपात में भुगतान करने का निर्देश दिया है। आदेश के अनुसार, एमपीआईडी अधिनियम की धारा 7(4) के प्रावधानों के तहत राशि NEFT या RTGS के माध्यम से निवेशकों के बैंक खातों में जमा कराई जाएगी।
छत्रपति संभाजीनगर की विशेष एमपीआईडी अदालत ने रिडास इंडिया मामले में 211 निवेशकों को ब्याज सहित 2.40 करोड़ दावों के अनुपात में लौटाने का आदेश दिया।