

छत्रपति संभाजीनगर में दस्तावेज पंजीयन कार्यालयों का विकेंद्रीकरण।
मनपा क्षेत्र के नागरिकों को घर के नजदीक मिलेगी रजिस्ट्री की सुविधा।
कार्यालय क्रमांक 2 चिकलथाना विमानतल क्षेत्र में स्थानांतरित।
कार्यालय क्रमांक 3 और 6 बीड बाईपास के सातारा क्षेत्र में होंगे।
कार्यालय क्रमांक 5 गारखेड़ा में और कार्यालय क्रमांक 1 पुराने स्थान पर रहेगा।
जिलाधिकारी कार्यालय के पीछे स्थित इमारत में भीड़ और पार्किंग की समस्या कम होने की उम्मीद।
Sambhajinagar Property Registration Office Decentralization: छत्रपति संभाजीनगर में संपत्ति पंजीयन कार्यालयों का विकेंद्रीकरण किया गया है। अब मनपा क्षेत्र के नागरिकों को शहर की अलग-अलग दिशाओं में रजिस्ट्री की सुविधा मिलेगी। कार्यालय क्रमांक 2 चिकलथाना, कार्यालय क्रमांक 3 और 6 सातारा क्षेत्र तथा कार्यालय क्रमांक 5 गारखेड़ा में स्थानांतरित किए गए हैं। इससे जिलाधिकारी कार्यालय के पीछे स्थित पंजीयन विभाग की इमारत में भीड़ और पार्किंग की समस्या कम होने की उम्मीद है।
छत्रपति संभाजीनगर, अब संपत्ति की खरीद-बिक्री के दस्तावेजों की रजिस्ट्री कराने के लिए नागरिकों को शहर के मध्य स्थित जिलाधिकारी कार्यालय के पीछे तक दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी। बढ़ती आबादी और संपत्ति पंजीयन के बढ़ते व्यवहार को देखते हुए दस्तावेज पंजीयन कार्यालयों का विकेंद्रीकरण किया गया है। इसके तहत शहर की अलग-अलग दिशाओं में रजिस्ट्री कार्यालय स्थापित किए जा रहे हैं। इस फैसले से महानगरपालिका क्षेत्र के नागरिकों को घर के नजदीक ही दस्तावेज पंजीयन की सुविधा मिल सकेगी।
नई व्यवस्था से जिलाधिकारी कार्यालय के पीछे स्थित पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग की इमारत पर भीड़ का दबाव कम होने की उम्मीद है। साथ ही नागरिकों के समय और यात्रा खर्च की बचत होगी तथा सरकारी सेवाएं अधिक सुलभ बनेंगी।
नई व्यवस्था के अनुसार, सह-दोयम पंजीयन कार्यालय क्रमांक 2 को चिकलथाना विमानतल क्षेत्र में एसबीआई बैंक की इमारत में स्थानांतरित किया गया है। सह-दोयम पंजीयन कार्यालय क्रमांक 3 और 6 को बीड बाईपास के सातारा क्षेत्र में स्थानांतरित किया गया है।
इसी तरह कार्यालय क्रमांक 5 गारखेड़ा स्थित महानगरपालिका की जगह पर शुरू किया गया है, जबकि कार्यालय क्रमांक 1 जिलाधिकारी कार्यालय के पीछे स्थित पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग की सरकारी इमारत में ही कार्यरत रहेगा।
कार्यालयों के स्थानांतरण से शहर के विभिन्न हिस्सों के नागरिकों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। चिकलथाना क्षेत्र में कार्यालय होने से शेंद्रा एमआईडीसी, करमाड, देवलाई और आसपास के गांवों के लोगों को सुविधा मिलेगी।
वहीं, बीड बाईपास और सातारा क्षेत्र में कार्यालय स्थानांतरित होने से शहर के पश्चिमी और दक्षिणी हिस्सों के नागरिकों को रजिस्ट्री के लिए मध्यवर्ती शहर तक आने की जरूरत कम होगी। गारखेड़ा स्थित कार्यालय से सिडको चौक और दरगाह रोड क्षेत्र के लोगों को राहत मिलेगी।
इससे पहले दस्तावेज पंजीयन के लिए बड़ी संख्या में नागरिक जिलाधिकारी कार्यालय के पीछे स्थित पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग की इमारत पहुंचते थे। इसी परिसर में कई अन्य महत्वपूर्ण सरकारी कार्यालय भी संचालित हैं। इनमें मुख्य अभिलेख कक्ष, जिला विवाह अधिकारी कार्यालय, सह-जिला पंजीयन एवं मुद्रांक जिलाधिकारी कार्यालय तथा पंजीयन उपमहानिरीक्षक कार्यालय शामिल हैं।
इसके अलावा अपर तहसीलदार, तहसीलदार (ग्रामीण), उपविभागीय अधिकारी, राज्य सूचना आयोग, जिला आपूर्ति विभाग, संजय गांधी निराधार योजना कार्यालय, सेतु कार्यालय, पटवारी एवं मंडल अधिकारी कार्यालय, डाकघर और स्टेट बैंक की शाखा भी इसी क्षेत्र में हैं।
एक ही परिसर में कई सरकारी कार्यालय होने के कारण यहां रोजाना बड़ी संख्या में नागरिक पहुंचते हैं। मुख्य सड़क से कार्यालयों तक जाने वाला रास्ता संकरा है। दोनों ओर दोपहिया और चारपहिया वाहनों की पार्किंग के कारण अक्सर जाम की स्थिति बनती है।
इसी समस्या को देखते हुए पंजीयन कार्यालयों के विकेंद्रीकरण का निर्णय लिया गया है। राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले, पंजीयन महानिरीक्षक रवींद्र बिनवड़े, विभागीय आयुक्त जी. श्रीकांत और जिलाधिकारी विनय गौड़ा जीसी की पहल से यह व्यवस्था लागू की गई है।