आषाढ़ी एकादशी पर लाखनी में निकली भव्य दिंडी यात्रा, विट्ठल नाम के जयघोष से भक्तिमय हुआ नगर

Lakhani Dindi Yatra: आषाढ़ी एकादशी के अवसर पर लाखनी में शिक्षामहर्षि बापूसाहब लाखनीकर बाल विद्यामंदिर की ओर से भव्य दिंडी यात्रा निकाली गई।
ashadhi ekadashi dindi yatra lakhani vitthal rukmini bhakti program
आषाढ़ी एकादशी दिंडी यात्रा- फाइल फोटो (सोर्सः सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Ashadhi Ekadashi Dindi Yatra: आषाढ़ी एकादशी के पावन अवसर पर शिक्षामहर्षि बापूसाहब लाखनीकर बाल विद्यामंदिर, लाखनी की ओर से भव्य दिंडी यात्रा का आयोजन किया गया। विट्ठलरुक्मिणी के जयघोष, टालमृदंग की मधुर ध्वनि और हरिनाम संकीर्तन से संपूर्ण लाखनी नगर भक्तिमय वातावरण में सराबोर हो उठा। श्रद्धा, भक्ति और सांस्कृतिक परंपरा का अद्भुत संगम इस दिंडी यात्रा में देखने को मिला।

दिंडी यात्रा का शुभारंभ साई मंदिर परिसर से हुआ। इससे पूर्व समर्थ महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. दिगंबर कापसे तथा शिक्षामहर्षि बापूसाहब लाखनीकर चैरिटेबल फाउंडेशन के अध्यक्ष आल्हाद भांडारकर के करकमलों से पालकी का विधिवत पूजन किया गया। इसके बाद श्रद्धालुओं के जयघोष के बीच पालकी यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से होकर निकली और शिक्षामहर्षि बापूसाहब लाखनीकर बाल विद्यामंदिर परिसर में संपन्न हुई।

लाखनी में आषाढ़ी एकादशी उत्सव

दिंडी यात्रा में वारकरी वेशभूषा धारण किए नन्हेमुन्ने बच्चों का उत्साह और अनुशासन सभी के आकर्षण का केंद्र रहा। बच्चों ने भजन-कीर्तन और विट्ठल नाम संकीर्तन के माध्यम से उपस्थित श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। भक्तों ने दिंडी का स्वागत कर पुण्य लाभ लिया। मार्गभर नागरिकों और भक्तों ने दिंडी का स्वागत कर पुण्य लाभ प्राप्त किया।

कार्यक्रम को सफल बनाने में समर्थ महाविद्यालय के एनसीसी विभाग प्रमुख बालकृष्ण रामटेके तथा एनसीसी कैडेट्स का महत्वपूर्ण सहयोग रहा। संपूर्ण आयोजन संस्था की संचालिका डॉ. सोनाली भांडारकर के मार्गदर्शन में सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ।

नन्हे वारकरियों की दिंडी ने मोहा सभी का मन

इस अवसर पर बड़ी संख्या में अभिभावक, नागरिक एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे। कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए शिक्षामहर्षि बापूसाहब लाखनीकर बाल विद्यामंदिर की सभी शिक्षिकाओं ने अथक परिश्रम कर उल्लेखनीय योगदान दिया। आषाढ़ी एकादशी पर निकली यह भव्य दिंडी यात्रा लाखनी में श्रद्धा, भक्ति और सांस्कृतिक एकता का प्रेरणादायी संदेश देकर संपन्न हुई।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com