Bhandara Illegal Gas Cylinder News: भंडारा एमआईडीसी परिसर में जिला आपूर्ति विभाग की टीम की ओर से की गई एक कार्रवाई के करीब 23 दिनों बाद अब पुलिस ने औपचारिक प्राथमिकी दर्ज की है।उल्लेखनीय है कि 16 मार्च को किए गए इस स्टिंग ऑपरेशन और छापेमारी में एक अवैध गैस सिलेंडर गोदाम का भंडाफोड़ हुआ था, जहां से 57 सिलेंडर बरामद किए गए थे। दस्तावेजों की गहन जांच के बाद अब गोदाम संचालक के खिलाफ कानूनी शिकंजा कसा गया है।
निरीक्षण अधिकारी पोचीराम रामाजी कापडे 36 को गुप्त सूचना मिली थी कि एमआईडीसी क्षेत्र में एक गोदाम में बिना किसी बोर्ड या सुरक्षा मानकों के गैस सिलेंडरों का अवैध भंडारण किया जा रहा है।
सूचना की गंभीरता को देखते हुए जिला आपूर्ति अधिकारी के नेतृत्व में रतनलाल ठाकरे, सुहास टोंगखरे, रोशन कापसे, रविंद्र उन्हाले और धीरज मेश्राम की टीम ने 16 मार्च को संदिग्ध गोदाम पर छापा मारा। जांच के दौरान यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि संचालक के पास विस्फोटक विभाग का कोई भी अधिकृत परमिट या लाइसेंस नहीं था।
छापेमारी के दौरान टीम ने मौके से कुल 57 सिलेंडर जब्त किए। इसमें घरेलू उपयोग 14.2 किग्रा के 40 खाली सिलेंडर, वाणिज्यिक उपयोग 19 किग्रा के 8 खाली सिलेंडर और विभिन्न वजन के अन्य भरे हुए सिलेंडर शामिल थे। सुरक्षा मानकों की धज्जियां उड़ाते हुए इस गोदाम में न तो आग बुझाने के यंत्र अग्निशमन यंत्र थे और न ही सिलेंडरों की जांच के लिए वजन कांटा।
मौके पर मौजूद मनीष भूपेंद्र खारा 52 अधिकारियों को गुमराह करते रहे और कोई भी वैध दस्तावेज पेश नहीं कर सके।सत्यापन के बाद मामला दर्ज चूंकि मामला विस्फोटक और आवश्यक वस्तु अधिनियम से जुड़ा था, इसलिए विभाग ने सभी दस्तावेजों और तकनीकी पहलुओं का बारीकी से सत्यापन किया।
23 दिनों की इस लंबी प्रक्रिया और छानबीन के बाद 10 अप्रैल को भंडारा पुलिस थाने में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है। मामले की आगे की जांच हवलदार तुमाने कर रहे हैं।