ज्वार उत्पादन बढ़ाने पर जोर, कृषि विश्वविद्यालय में कार्यशाला व कृषि उपकरण वितरण

Sambhajinagar Agricultural Workshop: मराठवाड़ा कृषि विश्वविद्यालय में ज्वार पर कार्यशाला आयोजित कर किसानों को आधुनिक तकनीक की जानकारी दी गई और कृषि उपकरण वितरित किए गए।
Emphasis on Boosting Sorghum Production: Workshop and Distribution of Agricultural Equipment at Agricultural University
Sambhajinagar Farmer Training Program ( Source: Social Media )
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Chhatrapati Sambhajinagar Farmer Training Program: छत्रपति संभाजीनगर वसंतराव नाईक मराठवाडा कृषि विश्वविद्यालय, परभणी के अंतर्गत ज्वार अनुसंधान केंद्र तथा अखिल भारतीय समन्वयित ज्वार सुधार प्रोजेक्ट, हैदराबाद के संयुक्त प्रयास में 'एससीएसपी' के अंतर्गत प्रोत्साहनपर कार्यशाला एवं कृषि उपकरण वितरण का आयोजन किया गया।

पशुपालन मशीनीकरण केंद्र के सभागार में हुए कार्यक्रम का उद्घाटन विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. इन्द्र मणि ने किया। डॉ. खिजर बंग, डॉ. राकेश अहिरे, डॉ. हिराकांत कालपांडे, डॉ. दयानंद टेकाले व डॉ. लक्ष्मण जावले सहित अन्य मौजूद थे।

इन्द्र मणि ने कहा कि वैज्ञानिकों को किसानों की समस्याओं के समाधान को प्राथमिकता देनी चाहिए, उन्होंने ज्वार अनुसंधान केंद्र की गौरवशाली परंपरा का उल्लेख करते हुए बताया कि उत्पादन में वृद्धि हुई है, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में खेती का क्षेत्र घटा है, जो चिंता का विषय है।

उन्होंने इसके पीछे बदलते मौसम, बाजार की अनिक्षितता व फसल चयन में बदलाव को प्रमुख कारण बताया, साथ ही सुधारित बीजों का उपयोग, आधुनिक तकनीक, मूल्यवर्धन व बाजार से सीधा जुड़ाव बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि ज्वार से विभिन्न पौष्टिक उत्पाद बनाकर किसानों की आय बढ़ाने की बड़ी संभावनाएं हैं।

ज्वार से बने मूल्यवर्धित उत्पादों का किया गया वितरण

कार्यक्रम के दौरान अनुसूचित जाति वर्ग के 50 लाभार्थी किसानों को कृषि उपकरण, विभिन्न कृषि इनपुट, विवि का कैलेंडर व ज्यार से बने मूल्यवर्धित उत्पाद वितरित किए गए, डॉ. अंबिका मोरे ने केंद्र की गतिविधियों की जानकारी दी।

डॉ. टेकाले, डॉ. गजानन गढ़दे, डॉ. अंबिका, डॉ. दड़के, प्रा. प्रीतम भुतड़ा व डॉ. प्रशांत अबिलवादे ने आधुनिक कृषि तकनीकों व उत्पादन बढ़ाने के उपायों पर मार्गदर्शन दिया।

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