दिवाली से पहले सभी को दें बोनस, मनपा के स्थायी- संविदा कर्मचारियों ने की 30 हजार की डिमांड

Chhatrapati Sambhajinagar News: मनपा के स्थायी व संविदा कर्मचारी दिवाली से पहले बोनस व त्योहारी लाभ की मांग कर रहे हैं। प्रशासन 13 अक्टूबर के बाद इस फैसले पर निर्णय लेगा।
दिवाली बोनस (pic credit; social media)
दिवाली बोनस (pic credit; social media)
Published on
Updated on

Diwali Bonus 2025: दिवाली आने में बस एक हफ्ता बाकी है, लेकिन छत्रपति संभाजीनगर मनपा के स्थायी और संविदा कर्मचारियों की खुशियों में फिलहाल खलबली मची हुई है। कर्मचारियों ने बोनस और त्योहारी सुविधाओं की मांग तेज कर दी है। इस मुद्दे को लेकर शहरभर में विभिन्न कर्मचारी संगठन सक्रिय हो गए हैं।

कृष्णा चनकर की बहुजन शक्ति वर्कर्स यूनियन ने मांग की है कि सभी स्थायी कर्मचारियों को 20,000 रुपये का दिवाली बोनस और 30,000 रुपये का त्योहारी अग्रिम दिया जाए। इसके अलावा संगठन ने साफ-सफाई कर्मियों को उनकी छुट्टियों का नकद भुगतान करने और सेवानिवृत्त कर्मचारियों को सभी बकाया भुगतान समय पर करने की भी अपील की।

संगठन ने यह भी कहा कि क्लर्क पद तक पदोन्नति प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी हो। महासंघ ने मांग की है कि स्थायी कर्मचारियों को 20,000 रुपये का त्योहारी अग्रिम, सफाई कर्मचारियों के लिए आवास सुविधा, छुट्टी के पैसे का तुरंत भुगतान और नियमानुसार पदोन्नति प्रक्रिया लागू की जाए। प्रशासन ने इस बारे में बताया कि बोनस और अनुग्रह अनुदान पर निर्णय 13 अक्टूबर के बाद लिया जाएगा।

कर्मचारी संगठनों ने संविदा कर्मचारियों के लिए भी बोनस की मांग उठाई है ताकि सभी श्रमिक समान लाभ पा सकें। संजय रगड़े की बहुजन कामगार शक्ति महासंघ ने स्थायी कर्मचारियों को 15,000 रुपये बोनस देने की सिफारिश की है। इसके अलावा सफाई कर्मचारियों की हर तीन महीने में स्वास्थ्य जांच, ड्रेस कोड और नेमप्लेट अनिवार्य करने की मांग भी की गई।

45 वर्ष से अधिक आयु के सफाई कर्मचारियों को हल्का काम देने और महाराष्ट्र दर्शन योजना को फिर से शुरू करने की भी मांग उठी है। कर्मचारी संगठनों ने प्रशासन से आग्रह किया कि उन्हें त्योहारी सीजन में आर्थिक राहत मिले, ताकि वे अपने परिवारों के साथ त्योहार खुशी-खुशी मना सकें।

मनपा प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि वह जल्द ही कर्मचारियों की मांगों पर निर्णय लेगा। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगें समय पर पूरी नहीं हुईं तो वे सड़कों पर अपनी आवाज बुलंद करेंगे।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com