

Samruddhi Mahamarg Accident: महाराष्ट्र के अमरावती जिले में समृद्धि महामार्ग पर रविवार को एक ऐसा हृदयविदारक हादसा हुआ, जिसने हर किसी की रूह को झकझोर कर रख दिया है। धामणगांव रेलवे तहसील के पास एक तेज रफ्तार कार और खड़े ट्रक की भीषण टक्कर में एक ही परिवार के पांच सदस्यों की मौके पर ही मौत हो गई। यह दर्दनाक हादसा रविवार दोपहर करीब 12 बजे हुआ, जब खुशियों से भरा यह परिवार एक मांगलिक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहा था।
इस भीषण दुर्घटना ने चंद्रपुर जिले के बाहुपेठ डीएड कॉलेज के पास रहने वाले जीवने परिवार की दुनिया ही उजाड़ दी। मृतकों की पहचान भास्कर महादेव जीवने (57), उनकी पत्नी लता महादेव जीवने (43), बेटा महादेव जीवने (42), बहू आरती जीवने (40) और महज 12 वर्षीय पोती त्रिशा जीवने के रूप में हुई है। इस हादसे में परिवार की तीन पीढ़ियां माता-पिता, बेटा-बहू और पोती एक साथ काल के गाल में समा गईं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह परिवार चंद्रपुर से अकोला में आयोजित एक समारोह में शामिल होने के लिए निकला था। उनकी कार समृद्धि महामार्ग के चैनल नंबर 106 के पास पहुंची ही थी कि अचानक कार सामने खड़े एक कंटेनर से जा टकराई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और गाड़ी का अगला हिस्सा पूरी तरह पिचक गया। स्थानीय लोगों और पुलिस के अनुसार, कार की गति तेज थी और प्रभाव इतना शक्तिशाली था कि किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला।
प्रारंभिक जांच और मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस भयानक हादसे का संभावित कारण ड्राइवर को झपकी आना बताया जा रहा है। नींद का एक छोटा सा झोंका पूरे परिवार के लिए जानलेवा साबित हुआ। सूचना मिलते ही समृद्धि महामार्ग पुलिस और आपातकालीन सेवाओं की टीम मौके पर पहुंची। बचाव दल ने कड़ी मशक्कत के बाद शवों को बाहर निकाला और धामणगांव के ग्रामीण अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने पांचों को आधिकारिक रूप से मृत घोषित कर दिया।
समृद्धि महामार्ग पर लगातार हो रहे इन हादसों ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और ड्राइवरों की मानसिक स्थिति पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय निवासियों ने गति सीमा को सख्ती से लागू करने और निगरानी बढ़ाने की मांग की है ताकि भविष्य में किसी और जीवने परिवार का सपना इस तरह सड़क पर न बिखरे। आज पूरे चंद्रपुर और अमरावती क्षेत्र में इस घटना से शोक की लहर है।