करोड़ों रुपये खर्च करने के बावजूद, मेलघाट क्षेत्र की सड़क 18 महीने में गंडों से भरी

बारातांडा से धूलघाट तक की सड़क की स्थिति गंभीर, करोड़ों रुपये की लागत के बावजूद गड्ढों में तब्दील। जानें नागरिकों की समस्याएं और प्रशासन की कार्रवाई।
करोड़ों रुपये खर्च करने के बावजूद, मेलघाट क्षेत्र की सड़क 18 महीने में गंडों से भरी
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Amravati News: सड़क सिर्फ डेढ़ वर्ष में ही गड्ढों में तब्दील हो गई है। बारातांडा से धूलघाट रेलवे तक की सड़क, जो कि नागरिकों के लिए एक महत्वपूर्ण मार्ग है, अब परेशानी का सबब बन गई है। धारणी तहसील के मेलघाट क्षेत्र में इस सड़क पर करोड़ों रुपये खर्च होने का दावा किया गया था, लेकिन हकीकत कुछ और ही है।

स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि सड़क आधी-अधूरी बनी और जो बनी, वह भी महज छह महीने में उखड़ने लगी। अब स्थिति यह है कि गड्ढों के बीच कहीं-कहीं सड़क नजर आ जाती है। राहगीर पूछ रहे हैं कि यह सड़क है या खड्डों में सड़क।

सबसे बड़ा सवाल यह है कि करोड़ों की योजना का कोई सूचना फलक तक क्यों नहीं लगाया गया? किस विभाग ने काम कराया, कितनी लागत आई, ठेकेदार कौन है, यह जानकारी आज भी जनता के लिए पहेली बनी हुई है।

इस मार्ग पर आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। स्कूली बच्चे, मरीज और किसान इसी रास्ते से धारणी आते-जाते हैं। लेकिन जिम्मेदारों के कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही। मेलघाटवासियों का आरोप है कि यहां घटिया सड़क बनाओ और पैसे कमाओ का फंडा चल रहा है।

अब देखना यह है कि प्रशासन गड्ढों को भरेगा या जनता का गुस्सा बढ़ता रहेगा। ठेकेदार को नोटिस देकर जल्द इन गड्ढों को भरने के लिए कहा जाएगा।

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