अमरावती जिला परिषद की नई पहल: 'वॉल ऑफ फेम' पर चमकेंगे उत्कृष्ट कर्मचारी, QR कोड से मिलेगी जानकारी

Amravati News: अमरावती जिला परिषद अब अपने मेहनती कर्मचारियों को 'बेस्ट एम्प्लॉई ऑफ द मंथ' के खिताब से नवाजेगी। 'वॉल ऑफ फेम' और QR कोड के जरिए होने वाले इस सम्मान से सरकारी कामकाज में नई ऊर्जा आएगी।
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अमरावती जिला परिषद (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Amravati ZP Wall of Fame Scheme: अमरावती जिला परिषद ने नए वर्ष 2026 के अवसर पर अपने प्रशासनिक ढांचे में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए 'वॉल ऑफ फेम' (Wall of Fame) नामक एक अभिनव संकल्पना की शुरुआत की है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य शासकीय योजनाओं को धरातल पर उतारने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के मनोबल को बढ़ाना और उनके उत्कृष्ट कार्यों को जनता के सामने लाना है।

CEO संजिता महापात्र के मार्गदर्शन में नई शुरुआत

इस प्रेरक पहल की परिकल्पना अमरावती जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) संजिता महापात्र द्वारा की गई है। उनके नेतृत्व में जिला परिषद अब हर महीने अपने संवर्ग के अधिकारियों, नियमित कर्मचारियों और विभिन्न योजनाओं में कार्यरत संविदा कर्मचारियों के कार्यों का मूल्यांकन करेगी। इस उपक्रम के माध्यम से प्रशासन में प्रतिस्पर्धा और पारदर्शिता के साथ-साथ कार्यक्षमता में वृद्धि होने की प्रबल संभावना जताई जा रही है।

'बेस्ट एम्प्लॉई ऑफ द मंथ' का होगा चुनाव

'वॉल ऑफ फेम' योजना के अंतर्गत हर महीने विभिन्न विभागों से तीन सर्वश्रेष्ठ कर्मचारियों का चयन 'बेस्ट एम्प्लॉई ऑफ द मंथ' के रूप में किया जाएगा। चयन की प्रक्रिया पूरी तरह से लक्ष्यपूर्ति और कार्य की गुणवत्ता पर आधारित होगी। संबंधित विभाग प्रमुख पात्र कर्मचारियों के नामों की अनुशंसा करेंगे, जिसके बाद मुख्य कार्यकारी अधिकारी की अध्यक्षता वाली एक उच्च स्तरीय समिति अंतिम निर्णय लेगी। चयनित कर्मचारियों के छायाचित्र जिला परिषद मुख्यालय में स्थित 'वॉल ऑफ फेम' पर प्रदर्शित किए जाएंगे।

QR कोड तकनीक से कार्यों का डिजिटल प्रदर्शन

इस पहल की सबसे आधुनिक विशेषता इसका डिजिटल जुड़ाव है। 'वॉल ऑफ फेम' पर लगे छायाचित्रों के साथ एक QR कोड भी उपलब्ध कराया जाएगा। इसे स्कैन करते ही कर्मचारी द्वारा किए गए विशिष्ट कार्यों और उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी जनता और अन्य कर्मियों के मोबाइल पर उपलब्ध होगी। साथ ही, कर्मचारी स्वयं भी अपनी प्रगति और कार्यों का विवरण दिए गए लिंक या कोड के माध्यम से प्रस्तुत कर सकेंगे।

राष्ट्रीय और राज्य स्तर की उपलब्धियों को विशेष स्थान

योजना केवल व्यक्तिगत सम्मान तक सीमित नहीं है। जिन कार्यालयों या विशिष्ट उपक्रमों को राज्य अथवा राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कार या सराहना प्राप्त हुई है, उन्हें भी इस 'वॉल ऑफ फेम' पर विशेष स्थान दिया जाएगा। जिला परिषद का मानना है कि जब किसी अच्छे कार्य को सार्वजनिक पहचान मिलती है, तो वह अन्य सहकर्मियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनती है।

लक्ष्यपूर्ति की दिशा में एक प्रभावी कदम

स्थानीय स्वराज्य संस्था के रूप में जिला परिषद पर शासन की अनगिनत कल्याणकारी योजनाओं को लागू करने की जिम्मेदारी होती है। संविदा कर्मचारियों से लेकर वरिष्ठ अधिकारियों तक, इस 'वॉल ऑफ फेम' के माध्यम से हर उस व्यक्ति को सम्मानित किया जाएगा जो समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण परिणाम देने में सफल रहेगा। प्रशासन को उम्मीद है कि इस पहल से 'वर्क कल्चर' में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।

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