महाराष्ट्र सरकार बनी कमजोर मरीजों का सहारा, 265 पेशेंट्स को मिली 2.47 करोड़ की मदद
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री ने जरूरतमंद और कमजोर लोगों को हेल्थ से जुड़े मामलों के लिए मुख्यमंत्री वैद्यकीय सहायता निधि का सहारा दिया है। 265 मरीजों को 2.36 करोड़ की आर्थिक सहायता मिली।
- Written By: अपूर्वा नायक
सीएम देवेंद्र फडणवीस (सौजन्य-एक्स)
Akola News In Hindi: आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद मरीजों के लिए मुख्यमंत्री वैद्यकीय सहायता निधि एक महत्वपूर्ण सहारा बन रही है। जिले में इस निधि के माध्यम से अब तक 265 मरीजों को कुल 2 करोड़ 36 लाख 44 हजार रुपये से अधिक की आर्थिक सहायता प्रदान की गई है, जिससे उन्हें आवश्यक उपचार मिल सका है।
धर्मादाय आयुक्त कार्यालय के अंतर्गत इस योजना के लिए जिले में 12 प्रमाणित रक्तपेढ़ी अस्पताल और 44 अन्य मान्यताप्राप्त अस्पताल सूचीबद्ध हैं। अकोला में जिलाधिकारी कार्यालय की नई इमारत के पहले मंजिल पर मुख्यमंत्री वैद्यकीय सहायता कक्ष की स्थापना की गई है, जिससे मरीजों को मंत्रालय तक जाने की आवश्यकता नहीं पड़ती।
आयुष्मान भारत योजना का लाभ
इस कक्ष के माध्यम से न केवल उपचार सहायता दी जाती है, बल्कि रक्तदान शिविरों के माध्यम से रक्त संग्रह, आपदा प्रबंधन के लिए मॉक ड्रिल, और लाभार्थियों में वृक्षारोपण के प्रति जागरूकता जैसे विविध उपक्रम भी चलाए जा रहे हैं। योजना का लाभ लेने के लिए पहले मरीजों को महात्मा ज्योतिबा फुले जन आरोग्य योजना, आयुष्मान भारत, राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम या धर्मादाय अस्पतालों की योजनाओं का लाभ लेना होता है।
सम्बंधित ख़बरें
बॉम्बे हाई कोर्ट का निर्देश, Khashaba Dadasaheb Jadhav को पद्म विभूषण पर 4 मई तक फैसला करे केंद्र
Satara ZP Election विवाद के बाद कई IPS अधिकारियों के तबादले, एकनाथ शिंदे गुट के आरोपों का दिखा असर
Nashik TCS Case में आरोपी निदा खान सस्पेंड, कोर्ट ने अंतरिम जमानत पर फैसला टाला
महाराष्ट्र में 21 अप्रैल से Government Employees की अनिश्चितकालीन हड़ताल, सरकार ने दी सख्त चेतावनी
ये भी पढ़ें :- अकोला जिले में 1750 सार्वजनिक गणेशोत्सव मंडलों ने की गणेश स्थापना, जिले में 356 जगहों पर ‘एक गांव -ए
यदि इन योजनाओं से उपचार संभव न हो, तो संबंधित अस्पताल के माध्यम से मुख्यमंत्री सहायता निधि कक्ष में आवेदन किया जा सकता है। इस पहल से जिले के गरीब और जरूरतमंद मरीजों को समय पर इलाज मिल रहा है और उनका जीवन बचाने में मदद मिल रही है। यह योजना स्वास्थ्य सेवा को सुलभ और प्रभावी बनाने की दिशा में एक सराहनीय कदम है।
