अकोला में बेहाल पशु चिकित्सा सेवा (सोर्स - सोशल मीडिया)
Animal Husbandry Department Maharashtra: अकोला जिले के पशु चिकित्सालयों में भारी मानवबल की कमी सामने आई है। कई अस्पतालों में भौतिक सुविधाएँ भी उपलब्ध नहीं हैं। डॉक्टरों की अनुपस्थिति के कारण पशुओं को समय पर उपचार नहीं मिल रहा, जिससे पशुपालक त्रस्त हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में दुग्ध व्यवसाय प्रमुख है, लेकिन पशुओं के इलाज की सुविधा न मिलने से नागरिकों की समस्या बढ़ गई है।
अकोला जिले के सात तालुकों में कुल 73 पशु चिकित्सालय हैं। इनमें से कई में डॉक्टरों और कर्मचारियों के पद रिक्त हैं। सहायक पशु संवर्धन अधिकारी के 19 पदों में से 8 रिक्त हैं। पशुधन विकास अधिकारी (गुट-अ) के 73 पदों में से 39 रिक्त, (गुट-ब) के 7 पदों में से 5 रिक्त हैं। सहायक पशुधन विकास अधिकारी के सभी 6 पद रिक्त हैं। पशुधन पर्यवेक्षक के 67 पदों में से 51 रिक्त हैं। नवीनतम पशुगणना में जिले में छोटे-बड़े मिलाकर 3 लाख 72 हजार से अधिक पशुधन दर्ज हुआ है।
आधुनिक उपकरण का अभाव इसके बावजूद अस्पतालों में आधुनिक उपकरण, कंप्यूटर और उपचार किट का अभाव है। कई जगह अस्पतालों में धूल, सुरक्षा की कमी और आवारा पशुओं का जमावड़ा देखा गया है। राज्य सरकार ने पशु चिकित्सालयों में तीन हजार पद भरने का निर्णय लिया था, लेकिन वह अभी तक कागजों पर ही है।
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| पद का नाम | कुल स्वीकृत पद | रिक्त पद | रिक्तता प्रतिशत |
| सहायक पशु संवर्धन अधिकारी | 19 | 08 | ~42% |
| पशुधन विकास अधिकारी (गुट-अ) | 73 | 39 | ~53% |
| पशुधन विकास अधिकारी (गुट-ब) | 07 | 05 | ~71% |
| सहायक पशुधन विकास अधिकारी | 06 | 06 | 100% |
| पशुधन पर्यवेक्षक | 67 | 51 | ~76% |