Akola Dhamma Training News: अकोला पातुर तालुका के ग्राम पिंपल डोली में आयोजित दस दिवसीय बौद्धाचार्य, श्रामनेर, उपासिका धम्म प्रशिक्षण तथा समता सैनिक दल शिविर का समापन उत्साहपूर्ण वातावरण में हुआ। इस धम्म परिषद के समापन अवसर पर भदंत राज ज्योति की प्रमुख उपस्थिति रही।
इस दस दिवसीय शिविर के माध्यम से बौद्ध समाज में एकता, साधना और धम्म प्रचार का सशक्त संदेश दिया गया। आयोजन में जिला महासचिव नंदकुमार डोंगरे, जिला महिला अध्यक्षा इंदु मेश्राम, उद्घाटक भीमराव तायडे तथा वरिष्ठ केंद्रीय शिक्षक एवं शिविर प्रमुख ज्ञानोबा कांबले की प्रमुख उपस्थिति रही।
शिविर में कुल 27 श्रामनेरों ने सहभाग लिया। इसके साथ ही पिंपल डोली, चोंडी, जांब, आलेगांव, कारला, आसोला, अंबाशी, पाठशिंगी, मलसुर और चरणगांव सहित विभिन्न गांवों में उपासिका धम्म प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए गए। समता सैनिक दल का तीन दिवसीय विशेष शिविर भी सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
रविवार को आयोजित समापन कार्यक्रम में भीमराव तायडे, ज्ञानोबा कांबले, नंदकुमार डोंगरे और इंदु मेश्राम ने उपस्थितों को मार्गदर्शन दिया। इस अवसर पर प्रज्ञा इंगले, सुखदेव पाटिल, विलास बावस्कर, सदाशिव मेश्राम, गोपाल खंडारे सहित अनेक मान्यवर उपस्थित रहे।
महिला उपासिका धम्म प्रशिक्षण शिविर का नेतृत्व ज्योति कुंटे (नांदेड), अलका दुपारे (चंद्रपुर), अर्चना ढोकणे (धामणगांव), सुजाता भालेराव (मुंबई), जोस्ना वासनिक (वर्धा), सुनंदा पिसोलकर (धुले), नंदा भगत (कारंजा), मंदाकिनी दुधे (चंद्रपुर), सिंधु शेगांवकर (अकोला) और करुणा साखरकर ने किया।
शिविर में प्रशिक्षित उपासक-उपासिकाओं ने अपने अनुभव साझा करते हुए धम्म साधना के महत्व को रेखांकित किया। पूरे आयोजन के दौरान उत्साह और आनंद का वातावरण बना रहा।
कार्यक्रम में भारतीय बौद्ध महासभा के पदाधिकारी भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम की जानकारी जिला प्रचार-प्रसार सचिव संजय गवई ने दी।