जाति वैधता प्रमाणपत्र की प्रक्रिया आसान करने की मांग, अकोला में कोली महासंघ का धरना

Akola Tribal Rights Protest: अकोला में जिला कोली महासंघ ने कोली जाति के सभी उपजाति को प्रमाणपत्र और जाति वैधता प्रमाणपत्र सरल प्रक्रिया से उपलब्ध कराने की मांग को लेकर धरना दिया।
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Akola Protest (सोर्सः फाइल फोटो-सोशल मीडिया)
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Akola Koli Mahasang: राज्य के महादेव कोली, मल्हार कोली, टोकरे कोली, ढोर कोली और डोंगर कोली आदिवासी समाज के लोगों को जाति प्रमाणपत्र और जाति वैधता प्रमाणपत्र सरलता से उपलब्ध कराने की मांग को लेकर अकोला जिला कोली महासंघ की ओर से मंगलवार को जिलाधिकारी कार्यालय के समक्ष एक दिवसीय धरना आंदोलन किया गया। इस दौरान जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम निवेदन सौंपकर समाज की प्रलंबित मांगों का जल्द समाधान करने की मांग की गई।

निवेदन में कहा गया कि अनुसूचित जनजाति प्रवर्ग के अंतर्गत आने वाले इन कोली समाज के लोगों को जाति प्रमाणपत्र तथा जाति वैधता प्रमाणपत्र प्राप्त करने में कई तरह की कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। विशेष रूप से रक्त संबंधी रिश्तेदारों को भी जाति वैधता प्रमाणपत्र सरल प्रक्रिया के तहत उपलब्ध कराया जाए, यह प्रमुख मांग की गई। आंदोलनकारियों ने बताया कि इस संबंध में 20 अक्टूबर 2023 को तत्कालीन मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में सह्याद्री अतिथि गृह में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई थी।

जाति प्रमाणपत्र प्रक्रिया में सुधार की मांग

इस बैठक में राज्य के मंत्री, सांसद, विधायक, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी तथा आदिवासी कोली समाज के प्रतिनिधियों ने भाग लिया था। बैठक में समाज की विभिन्न प्रलंबित मांगों और जाति प्रमाणपत्र से संबंधित समस्याओं पर चर्चा कर सकारात्मक निर्णय लिए गए थे। हालांकि, लगभग दो वर्ष बीत जाने के बाद भी उक्त निर्णयों को लागू नहीं किए जाने से आदिवासी कोली समाज में नाराजगी बढ़ रही है। कोली महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक रमेश पाटिल के नेतृत्व में इन मांगों को लेकर लगातार सरकार स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं।

राज्यभर में एक साथ किया गया आंदोलन

कोली महासंघ के पदाधिकारियों ने बताया कि 20 अक्टूबर 2023 को हुई बैठक के निर्णय और कार्यवृत्त को तत्काल लागू करने तथा सरकार द्वारा आवश्यक परिपत्र जारी करने की मांग को लेकर पूरे महाराष्ट्र के सभी जिलाधिकारी कार्यालयों पर एक साथ धरना आंदोलन आयोजित किया गया। इसके माध्यम से मुख्यमंत्री तक समाज की मांगों को पहुंचाने का प्रयास किया गया।

मांगें पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की सूचना

कोली महासंघ के युवा प्रदेशाध्यक्ष एड.चेतन पाटिल ने कहा कि यदि आगामी मानसून अधिवेशन में आदिवासी कोली समाज की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो पूर्व विधायक रमेश पाटिल के नेतृत्व में पूरे महाराष्ट्र में व्यापक और तीव्र आंदोलन शुरू किया जाएगा। इस धरना आंदोलन में सुरेश पाटकर, तुषार शिरसाट, प्रदीप कोंलेटेके, गजानन वानखड़े, रमेश तरोडे, शरद आपोतीकर, ऋषिकेश बोपटे, राम भांडे, विद्या तरोडे, जयश्री आढे उपस्थित रहे।

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