

Ujjain Congress Protest: उज्जैन किसान कांग्रेस अध्यक्ष अशोक जाट को जिला बदर किए जाने के विरोध में सोमवार को कांग्रेस का प्रदर्शन उग्र हो गया। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक और झड़प की स्थिति बन गई, जिससे शहर का राजनीतिक माहौल गरमा गया।
प्रदर्शन में शामिल होने उज्जैन पहुंचे कांग्रेस विधायक महेश परमार, नेता मुकेश भाटी और बड़ी संख्या में किसान कार्यकर्ता ट्रैक्टरों के साथ शहर में प्रवेश कर रहे थे। इस दौरान पुलिस ने उन्हें बड़नगर रोड स्थित ब्रिज के नीचे रोक दिया।
कार्यकर्ताओं को रोके जाने पर मौके पर हंगामा शुरू हो गया और करीब एक घंटे तक पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच विवाद चलता रहा। स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई कि पुलिस को प्रदर्शनकारियों को मौके पर ही रोकना पड़ा। कांग्रेस की योजना कलेक्टर कार्यालय का घेराव कर बड़ा प्रदर्शन करने की थी। इसके लिए कार्यकर्ता स्विमिंग पूल चौराहे पर एकत्रित होकर कोठी की ओर पैदल मार्च निकालने वाले थे, जहां जिला बदर की कार्रवाई के खिलाफ विरोध दर्ज कराया जाना था और उसे वापस लेने की मांग की जानी थी।
उज्जैन प्रशासन ने स्थिति को देखते हुए कलेक्टर कार्यालय और आसपास के क्षेत्रों में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया था। इससे पहले 8 मई को कांग्रेस ने इस मुद्दे पर मौन प्रदर्शन किया था। उस दौरान पूर्व विधायक अश्विनी जोशी के निधन के कारण प्रस्तावित अनिश्चितकालीन धरने को सांकेतिक रूप दिया गया था। कार्यकर्ताओं ने करीब आधे घंटे तक मौन रहकर विरोध दर्ज कराया था।
कांग्रेस नेताओं ने पहले ही प्रशासन को चेतावनी दी थी कि यदि अशोक जाट के खिलाफ जिला बदर की कार्रवाई वापस नहीं ली गई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। सोमवार के प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई के बाद उज्जैन का राजनीतिक माहौल और अधिक गरमा गया है।