सीहोर में किसान के अपहरण मामले में नया मोड़, फिंगरप्रिंट और आइरिस स्कैन लेकर ठगों ने की जमीन हड़पने की कोशिश

Sehore News: सीहोर के ढाबला में किसान प्रेमसिंह मेवाड़ा का अपहरण कर हाईटेक तरीके से उनकी जमीन हड़पने की कोशिश की गई है। बदमाशों ने बायोमेट्रिक डेटा लेकर उन्हें भोपाल में छोड़ दिया।
Sehore Farmer Kidnapping Biometric Data Theft Land Mafia News
किसान अपहरण मामले में नया मोड़ (सोर्स- सोशल मीडिया)
Updated on

​Sehore Farmer Kidnapping Case Update: सीहोर जिले के ग्राम ढाबला में भू-माफियाओं की दबंगई और पुलिस व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि किसान प्रेमसिंह मेवाडा का अपहरण कर उन्हें डराने-धमकाने के जरिए उनकी कीमती जमीन कब्जाने की कोशिश की गई। इस घटना के बाद इलाके के किसानों और ग्रामीणों में भय और आक्रोश का माहौल बना हुआ है।

हाईटेक तकनीक से धोखाधड़ी की कोशिश

​प्राप्त जानकारी के अनुसार, 12 मई 2026 की सुबह करीब 9:13 बजे ढाबला जोड़ के पास से अज्ञात अपराधियों ने प्रेमसिंह का अपहरण कर लिया। बदमाशों ने किसान को बंधक बनाकर न केवल जबरन दस्तावेजों पर दस्तखत करवाए, बल्कि आधुनिक तकनीक का दुरुपयोग करते हुए उनके आधार कार्ड के माध्यम से बायोमेट्रिक डेटा (फिंगरप्रिंट और आंखों का आइरिस स्कैन) भी ले लिया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पीड़ित का मोबाइल छीनकर उन्हें  राजधानी भोपाल में लावारिस हालत में छोड़कर फरार हो गए।

पहले प्रेमसिंह के बेटे को शिकार बनाने की कोशिश

​पीड़ित परिवार का कहना है कि भू-माफिया काफी समय से उनकी जमीन पर कब्जा करने की कोशिश में लगे हुए हैं। परिवार के अनुसार, इससे पहले किसान के छोटे बेटे अमन मेवाडा को नशीला पदार्थ देकर धोखाधड़ी करने का प्रयास भी किया गया था। आरोप है कि अमन के नाम पर कोई जमीन दर्ज नहीं होने के बावजूद दलालों ने उसके बैंक खाते में ऑनलाइन रकम ट्रांसफर की और बाद में सबूत मिटाने के उद्देश्य से वही पैसा वापस निकाल लिया। परिवार का दावा है कि इस पूरी लेनदेन का डिजिटल रिकॉर्ड मौजूद है।

पुलिस की सुस्ती और ग्रामीणों का आक्रोश

​घटना की शिकायत थाना बिलकिसगंज में दर्ज कराई गई है लेकिन तीन दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली हैं। कार्रवाई न होने से नाराज ग्रामीणों ने प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी और पीड़ित परिवार की सुरक्षा की मांग की है। साथ ही, किसान की मदद कर रहे समाजसेवी सुरेन्द्र सिंह मेवाडा को भी दलालों द्वारा झूठे केस में फंसाने की धमकी दी जा रही है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही न्याय नहीं मिला, तो वे उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।

Navbharat Live
navbharatlive.com