

Sagar Student Protest Road Blockade: सागर जिले के खुरई क्षेत्र के निवारी गांव में स्कूल तक पहुंचने के लिए रास्ता नहीं होने से परेशान छात्र-छात्राओं और ग्रामीणों का गुस्सा सोमवार को सड़क पर देखने को मिला। बारिश के चलते स्कूल तक जाने वाला करीब डेढ़ किलोमीटर लंबा रास्ता कीचड़ और पानी से पूरी तरह खराब हो गया है। हालात इतने बदतर हैं कि विद्यार्थियों के साथ-साथ अधिकारियों को भी स्कूल तक पहुंचने में परेशानी का सामना करना पड़ा।
निवारी के शासकीय हाईस्कूल तक पहुंचने वाला रास्ता लंबे समय से ग्रामीणों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है। बारिश शुरू होते ही कच्चा रास्ता कीचड़ में तब्दील हो गया। छात्र-छात्राओं को रोज इसी रास्ते से होकर स्कूल जाना पड़ रहा है। कई जगह पानी जमा होने से रास्ता बेहद फिसलन भरा हो गया है।
लगातार परेशानी झेल रहे विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने सोमवार को अपनी मांगों को लेकर खिमलासा-कंजिया मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। करीब डेढ़ घंटे तक चले इस विरोध प्रदर्शन के कारण सड़क पर आवागमन प्रभावित रहा। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और ग्रामीण सड़क पर बैठ गए और स्कूल तक स्थायी रास्ता बनाए जाने की मांग करने लगे।
सूचना मिलने के बाद प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने खुद स्कूल तक पहुंचने वाले रास्ते की स्थिति देखी। कीचड़ और पानी से खराब रास्ते को देखकर उन्हें भी परेशानी का सामना करना पड़ा। ग्रामीणों ने अधिकारियों को बताया कि बारिश के दिनों में विद्यार्थियों की पढ़ाई सबसे ज्यादा प्रभावित होती है।
मौके पर अधिकारियों ने ग्रामीणों और छात्रों से बातचीत की। फिलहाल बारिश के दौरान विद्यार्थियों को राहत देने के लिए पंचायत भवन में हाईस्कूल की कक्षाएं संचालित करने का आश्वासन दिया गया। अधिकारियों के आश्वासन के बाद छात्र-छात्राओं और ग्रामीणों ने चक्काजाम समाप्त कर दिया। हालांकि ग्रामीणों का कहना है कि पंचायत भवन में अस्थायी रूप से कक्षाएं लगाने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। उनकी मुख्य मांग स्कूल तक पक्का और सुविधाजनक रास्ता बनाने की है, ताकि बारिश के मौसम में भी विद्यार्थियों को स्कूल पहुंचने में परेशानी न हो। अब देखना होगा कि जिला प्रशासन ग्रामीणों की इस मांग पर कब तक अमल करता है और स्कूल तक स्थायी रास्ते का निर्माण कब शुरू होता है।