

Sagar Police Action: सागर में पुलिस कप्तान के बंगले के सामने देर रात गाड़ियों में तोड़फोड़ और घरों पर पथराव करने वाले बदमाशों पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। सागर पुलिस ने आधा दर्जन से ज्यादा आरोपियों को गिरफ्तार कर उनका शहर में पैदल जुलूस निकाला। इस दौरान आरोपी सड़क पर चलते हुए “अपराध करना पाप है, पुलिस हमारी बाप है” जैसे नारे लगाते नजर आए। पुलिस की इस कार्रवाई से शहर में बदमाशों में हड़कंप मच गया और अपराधियों में साफ संदेश देने की कोशिश की गई कि कानून तोड़ने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
दरअसल पूरा मामला सागर के कैंट थाना क्षेत्र का है, जहां 18 मई की देर रात करीब 4 बजे एसपी बंगले से कुछ ही दूरी पर कुछ बदमाशों ने जमकर उत्पात मचाया था। आरोपियों ने सड़क किनारे और घरों के बाहर खड़ी कई कारों में तोड़फोड़ की थी। इतना ही नहीं, आसपास के मकानों पर पथराव भी किया था, जिससे इलाके में दहशत फैल गई थी।
एसपी बंगले के बाहर हंगामे के समय लोग अपने घरों में सो रहे थे, लेकिन अचानक पत्थरों की आवाज और गाड़ियों के शीशे टूटने की आवाज सुनकर लोग बाहर निकल आए। मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। पूरी घटना आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई थी। फुटेज सामने आने के बाद पुलिस हरकत में आई और आरोपियों की पहचान शुरू की गई।
फरियादी की शिकायत पर पुलिस ने नोमान खान, इमरान खान, एहसान खान, राहिल, समीर समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया। पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। बुधवार को आरोपियों को न्यायालय में पेश करने से पहले कैंट थाना पुलिस ने उनका पैदल जुलूस निकाला।
पुलिस जवानों की मौजूदगी में आरोपी सिर झुकाकर सड़क पर चलते नजर आए। पुलिस ने आरोपियों से नारे भी लगवाए ''अपराध करना पाप है, पुलिस हमारी बाप है।' जुलूस को देखने के लिए सड़क किनारे लोगों की भीड़ जमा हो गई। शहर में यह कार्रवाई चर्चा का विषय बनी रही। लोगों का कहना है कि इस तरह की कार्रवाई से अपराधियों में डर पैदा होगा और कानून व्यवस्था मजबूत होगी।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शहर में शांति व्यवस्था बिगाड़ने और आम लोगों में डर फैलाने वालों के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। खास बात यह है कि यह पूरी घटना पुलिस कप्तान निवास के सामने हुई थी, जिसने सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए थे। हालांकि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर साफ कर दिया कि किसी भी आरोपी को छोड़ा नहीं जाएगा।