सिर पर गहरे घाव और गले पर निशान, सागर के जंगल में तेंदुए की रहस्यमयी मौत! दूसरे तेंदुए से खूनी संघर्ष की आशंका

Leopard Death In Sagar: सागर जिले के जंगल से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है जिसने वन विभाग को हैरान कर दिया। डॉ. भीमराव अंबेडकर अभयारण्य के जंगल में एक वयस्क तेंदुआ मृत हालत में मिला है।
Sagar Ambedkar Sanctuary Leopard Death
सागर में तेंदुए की मौत (सोर्स- सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Sagar Ambedkar Sanctuary Leopard Death: मध्य प्रदेश के सागर जिले के जंगल से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है जिसने वन विभाग के साथ-साथ ग्रामीणों को भी हैरान कर दिया। नए बने डॉ. भीमराव अंबेडकर अभयारण्य के जंगल में एक वयस्क तेंदुआ मृत हालत में मिला है। तेंदुए के सिर और गले पर गहरे घाव पाए गए हैं, जबकि घटनास्थल के आसपास दूसरे तेंदुए के पगमार्क मिलने से वन विभाग आपसी संघर्ष की आशंका जता रहा है।

मामला उत्तर वन मंडल शाहगढ़ के बरायठा उप वन परिक्षेत्र के छापर जंगल का है। बुधवार सुबह जब ग्रामीण तेंदूपत्ता तोड़ने जंगल पहुंचे, तब उनकी नजर एक तेंदुए के शव पर पड़ी। जंगल में तेंदुए को मृत देखकर ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। तुरंत इसकी सूचना वन विभाग को दी गई।

घटनास्थल का किया बारीकी से निरीक्षण

सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और पूरे क्षेत्र को घेरकर जांच शुरू की गई। घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया। वन अधिकारियों ने देखा कि तेंदुए के सिर और गले पर गहरे घाव हैं। इतना ही नहीं, शव के आसपास दूसरे तेंदुए के पगमार्क भी मिले हैं। शुरुआती जांच में माना जा रहा है कि टेरिटरी यानी इलाके को लेकर दो तेंदुओं के बीच संघर्ष हुआ होगा, जिसमें एक तेंदुआ गंभीर रूप से घायल हो गया और उसकी मौत हो गई।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगा खुलासा

वन विभाग ने मृत तेंदुए का पोस्ट मार्टम कराया है। पशु चिकित्सक डॉ. रोहित सितोले के मुताबिक तेंदुए की उम्र करीब 7 साल बताई जा रही है। शरीर पर मिले घाव किसी हिंसक संघर्ष की ओर इशारा कर रहे हैं। हालांकि मौत की असली वजह का खुलासा बिसरा रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। इसके लिए नमूने जांच के लिए भेज दिए गए हैं।

गर्मी में जानवरों के बीच बढ़ जाता है संघर्ष

जिस इलाके में तेंदुए का शव मिला, वह हाल ही में घोषित डॉ. भीमराव अंबेडकर वन्य जीव अभयारण्य का हिस्सा है। यहां बड़ी संख्या में वन्यजीव मौजूद हैं। वन विभाग का कहना है कि गर्मी के मौसम में पानी और शिकार को लेकर जंगली जानवरों के बीच संघर्ष बढ़ जाता है। कई बार इलाके पर कब्जे की लड़ाई जानलेवा साबित होती है। घटना के बाद वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई है।

फिलहाल जंगल में निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि किसी अन्य वन्यजीव को खतरा न हो। मृत तेंदुए का वन विभाग द्वारा जंगल में ही अंतिम संस्कार किया गया। सागर के जंगल में तेंदुए की यह रहस्यमयी मौत कई सवाल छोड़ गई है। क्या यह सिर्फ टेरिटरी की लड़ाई थी या इसके पीछे कोई और वजह भी छिपी है? इसका जवाब अब जांच रिपोर्ट के बाद ही सामने आएगा। फिलहाल जंगल में इस घटना के बाद दहशत और चर्चा दोनों का माहौल है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com