

Morena Inter State Bike Thief Gang : मुरैना की कोतवाली पुलिस ने अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे और निशानदेही पर चोरी की 10 बाइकें बरामद की हैं। गिरफ्तार आरोपियों में दो सगे भाई भी शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक गिरोह मुरैना के अलावा ग्वालियर, भिंड, शिवपुरी, बानमोर और राजस्थान के धौलपुर जिले तक बाइक चोरी की वारदातों को अंजाम देता था।
पुलिस के अनुसार 7 जुलाई को मुरैना के हरीराज टाकीज क्षेत्र से एक अपाचे बाइक चोरी हुई थी। बाइक मालिक की शिकायत पर कोतवाली थाने में मामला दर्ज कर चोरों की तलाश शुरू की गई। करीब डेढ़ महीने बाद एमएस रोड पर वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस को बिना नंबर की अपाचे बाइक पर सवार दो युवक संदिग्ध हालत में दिखाई दिए। पुलिस ने रोकने का प्रयास किया तो दोनों भागने लगे, लेकिन पुलिसकर्मियों ने उन्हें पकड़ लिया।
पूछताछ में आरोपियों की पहचान सरायछौला थाना क्षेत्र के रिठौरा गांव निवासी लवकुश उर्फ पप्पू गुर्जर और आशी उर्फ कारी गुर्जर के रूप में हुई। बाइक के चेसिस और इंजन नंबर की जांच की गई तो वह वही अपाचे बाइक निकली, जो 7 जुलाई को हरीराज टाकीज के पास से चोरी हुई थी। पुलिस के मुताबिक लवकुश के खिलाफ पहले से भी वाहन चोरी के कई मामले दर्ज हैं।
सख्ती से पूछताछ करने पर दोनों आरोपियों ने अपने दो अन्य साथियों के नाम बताए। इसके बाद पुलिस ने पटेल का पुरा रिठौरा निवासी सचिन गुर्जर और मंगल गुर्जर को गिरफ्तार किया। दोनों आरोपी सगे भाई बताए गए हैं। चारों आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस ने उनके ठिकानों और निशानदेही पर चोरी की कुल 10 बाइकें बरामद की हैं।
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे अस्पताल, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और अन्य भीड़भाड़ वाले इलाकों को बाइक चोरी के लिए चुनते थे। मौका मिलते ही वाहन चोरी कर उन्हें दूसरे स्थानों पर ले जाकर छिपा देते थे। इसके बाद चोरी की बाइकें कम कीमत पर बेचने की तैयारी की जाती थी। पुलिस के अनुसार आरोपी बाइकें करीब 10 से 15 हजार रुपए में बेचते थे।
बरामद 10 बाइकें मुरैना के अलावा ग्वालियर, बानमोर, भिंड, शिवपुरी और राजस्थान के धौलपुर क्षेत्र से चोरी की गई बताई जा रही हैं। कई बाइकों पर नंबर प्लेट नहीं मिली, जबकि कुछ पर अलग-अलग नाम लिखे हुए थे और कुछ की नंबर प्लेट क्षतिग्रस्त थी। पुलिस अब वाहनों के चेसिस और इंजन नंबर के आधार पर उनके वास्तविक मालिकों की जानकारी जुटा रही है।
कोतवाली पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ कर रही है। पुलिस को आशंका है कि इस गिरोह से वाहन चोरी की अन्य वारदातों का भी खुलासा हो सकता है। साथ ही चोरी की बाइकें खरीदने वाले लोगों और गिरोह के संभावित नेटवर्क की भी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस बरामद वाहनों के रिकॉर्ड खंगालकर आगे की कार्रवाई कर रही है।