

Morena Fertilizer Stock Portal Issue: मुरैना जिले में खाद वितरण व्यवस्था में सामने आई गंभीर अनियमितताओं के बाद जिला विपणन अधिकारी विनोद कोटिया को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। सरकारी गोदामों और खाद वितरण केंद्रों पर पर्याप्त मात्रा में यूरिया उपलब्ध होने के बावजूद ऑनलाइन पोर्टल पर स्टॉक शून्य या बेहद कम दिखाए जाने से किसान कई दिनों तक खाद के लिए भटकते रहे। मामला मीडिया और प्रशासन के संज्ञान में आने के बाद भोपाल स्तर पर जांच कराई गई, जिसमें प्रथम दृष्टया लापरवाही सामने आने पर यह कार्रवाई की गई।
मध्य प्रदेश राज्य सहकारी विपणन संघ के सचिव एम.के. दीक्षित द्वारा जारी आदेश के अनुसार, 21 जुलाई को जिला विपणन अधिकारी विनोद कोटिया ने उप संचालक कृषि को जिले में 6025 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध होने की जानकारी दी थी। वहीं, आईएफएमएस (IFMS) पोर्टल पर जिले में 5666 मीट्रिक टन यूरिया दर्ज था। इसके बावजूद खाद वितरण केंद्रों की ऑनलाइन आईडी पर केवल 309 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध दिखाया गया। कई केंद्रों पर सैकड़ों बोरी यूरिया मौजूद होने के बावजूद पोर्टल पर स्टॉक शून्य दर्ज होने से किसानों के टोकन ही नहीं बन सके।
ऑनलाइन स्टॉक नहीं दिखने के कारण किसानों को खाद के लिए एक कस्बे से दूसरे कस्बे तक भटकना पड़ा। कई किसानों को मुरैना से सबलगढ़ भेजा गया, जबकि डीएपी खाद के लिए भी अलग-अलग वितरण केंद्रों के चक्कर लगाने पड़े। इससे किसानों में भारी नाराजगी देखने को मिली और खाद वितरण व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए।
गौरतलब है कि इस वर्ष प्रदेश सरकार ने खाद वितरण प्रणाली को पूरी तरह ऑनलाइन कर दिया है, ताकि किसानों को पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से उर्वरक उपलब्ध कराया जा सके। लेकिन पोर्टल पर स्टॉक की गलत जानकारी दर्ज होने से पूरी व्यवस्था प्रभावित हो गई। मामले के सामने आने के बाद भोपाल स्तर पर जांच हुई, जिसमें जिला विपणन अधिकारी की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे और उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।
अब कृषि एवं विपणन विभाग ऑनलाइन पोर्टल की खामियों को दूर करने और वास्तविक स्टॉक की सही जानकारी अपडेट कराने में जुटा है। प्रशासन का कहना है कि किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने के लिए व्यवस्था में आवश्यक सुधार किए जाएंगे, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा उत्पन्न न हो।