

Jabalpur Cruise Accident Update : बरगी डैम में हुए क्रूज हादसे के 40 घंटे बाद भी 6 लोग लापता हैं, जिनकी तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है, लेकिन बीतते वक्त के साथ परिजनों की आस टूटती जा रही है। हालांकि हादसे के इतने घंटे बीत जाने के बाद किसी के जिंदा होने की कोई उम्मीद नहीं है।
गुरुवार शाम को हुए हादसे के बाद चलाए जा रहे रेस्क्यू ऑपरेशन में अब तक 9 लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि 28 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है। बताया जा रहा है कि हादसे के वक्त क्रूज पर कुल 43 लोग सवार थे। ऐसे में 6 लोग अब भी लापता हैं, जिनके लिए सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
डूबे हुए क्रूज को 18 घंटे बाद पानी से बाहर निकालकर किनारे पर लाया गया, लेकिन उसमें कोई शव नहीं मिला। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने खुद घटना स्थल पर जाकर हालात का जायजा लिया। इसके साथ ही हादसे में अपनों को खोने वाले परिजनों से भी मुलाकात की। परिजनों को रोते-बिलखते देख सीएम खुद भावकु हो गए।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने हादसे की जांच के आदेश दे दिए हैं और साफ कहा है कि हादसे के जिम्मेदारों को बख्शा नहीं जाएगा। लापरवाही करने वालों पर सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी। CM के आदेश पर क्रूज पायलट महेश पटेल, हेल्पर छोटे लाल गोंड एवं टिकट काउंटर प्रभारी बृजेन्द्र को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है, जबकि होटल मेकल रिजॉर्ट और बोट क्लब बरगी के मैनेजर सुनील मरावी को लापरवाही बरतने के आरोप में सस्पेंड किया गया है और रीजनल मैनेजर संजय मल्होत्रा को मुख्यालय अटैच कर दिया गया है।
हादसे के बाद एक्शन में आए पर्यटन मंत्री धर्मेंद्र लोधी ने पूरे राज्य में क्रूज संचालन पर बैन लगा दिया है। साथ ही आदेश दिए हैं कि सभी क्रूज की जांच की जाए। सभी सेफ्टी लेवल पार करने वाले क्रूज को ही संचालन की अनुमति दी जाएगी। हादसे में जिन 9 लोगों की मौत हुई है, उनके परिजनों को राज्य सरकार 4-4 लाख रुपए देगी, जबकि प्रधानमंत्री ने 2-2 लाख रुपए मुआवजा देने की घोषणा की है। इसके साथ ही हादसे के बाद लोगों की जान बचाने वाले लोगों को सरकार 51-51 हजार रुपए देकर सम्मानित करेगी।
गुरुवार शाम को बरगी डैम पर पर्यटक क्रूज सफारी का मजा ले रहे थे। इसी दौरान तेज हवाएं चलने लगीं, जिसके चलते क्रूज का संतुलन बिगड़ा और उसमें पानी भरने लगा। देखते ही देखते क्रूज डूबने लगा, जिससे पर्यटकों में अफरा-तफरी मच गई। आंधी चलने के कारण महिलाएं और बच्चे क्रूज के कैबिन में चले गए थे, जो डूबते वक्त बाहर नहीं निकल पाए। इसके चलते मरने वालों में ज्यादातर महिलाएं और बच्चे शामिल हैं।