इंदौर: एमजीएम मेडिकल कॉलेज के फार्मासिस्ट पर ईओडब्ल्यू का शिकंजा, आय से 108% अधिक संपत्ति का मामला दर्ज

Indore EOW Raid : इंदौर के MGM मेडिकल कॉलेज के फार्मासिस्ट राकेश गोरखे पर EOW ने आय से 108% अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया हैं। जांच में करोड़ों की संपत्ति का खुलासा हुआ है।
MGM Pharmacist Rakesh Gorkhe Disproportionate Assets
MGM मेडिकल कॉलेज के फार्मासिस्ट राकेश गोरखे पर EOW का शिकंजा(फोटो सोर्स- नवभारत)
Updated on

MGM Medical College Pharmacist Disproportionate Assets: आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (ईओडब्ल्यू) ने इंदौर के एमजीएम मेडिकल कॉलेज में पदस्थ फार्मासिस्ट राकेश गोरखे के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में मामला दर्ज किया है। ईओडब्ल्यू का दावा है कि प्रारंभिक जांच में राकेश गोरखे के पास उनकी वैध आय से 108 प्रतिशत अधिक संपत्ति मिली है।

जांच के अनुसार उनकी वैध आय लगभग 1.11 करोड़ रुपये आंकी गई, जबकि अब तक 2.13 करोड़ रुपये से अधिक की चल-अचल संपत्ति का खुलासा हुआ है। एजेंसी का कहना है कि जांच अभी जारी है और आगे संपत्ति का आंकड़ा बढ़ने की संभावना है।

खरीद शाखा से बढ़ा प्रभाव, जांच के घेरे में मेडिकल खरीद प्रक्रिया

ईओडब्ल्यू की जांच में सामने आया है कि वर्ष 2008 में एमजीएम मेडिकल कॉलेज की क्रय शाखा से जुड़ने के बाद राकेश गोरखे का खरीद प्रक्रिया में प्रभाव लगातार बढ़ता गया। दवाइयों और मेडिकल उपकरणों की खरीदी में उसकी भूमिका की जांच की जा रही है। एजेंसी के अनुसार आरोप है कि उन्होंने कई मामलों में दस्तावेजों पर सीधे हस्ताक्षर करने से बचते हुए पर्दे के पीछे रहकर खरीद प्रक्रिया को प्रभावित किया। जांचकर्ता यह भी पता लगा रहे हैं कि कॉलेज में डीन बदलते रहे, लेकिन खरीद व्यवस्था में उसकी पकड़ लगातार बनी रही। वरिष्ठ अधिकारियों और डॉक्टरों से उसके संबंधों की भी जांच की जा रही है।

जांच के दायरे में थाईलैंड यात्रा

ईओडब्ल्यू की जांच में अक्टूबर 2023 में की गई राकेश गोरखे की थाईलैंड यात्रा भी सवालों के घेरे में है। एजेंसी को अब तक इस विदेश यात्रा के लिए विभागीय अनुमति का कोई रिकॉर्ड नहीं मिला है। जांच में यात्रा पर हुए खर्च का भी आकलन किया जा रहा है और उसे आय-व्यय के विश्लेषण में शामिल किया जाएगा।

छापे में कई संपत्तियां और नकदी मिली

हाल ही में ईओडब्ल्यू द्वारा की गई छापेमारी में संपत्ति से जुड़े दस्तावेज, बैंक रिकॉर्ड, पासपोर्ट और 1.51 लाख रुपये नकद जब्त किए गए। जांच में इंदौर के स्कीम नंबर-140 स्थित वृंदावन गार्डन में दो मंजिला मकान, बिचौली मर्दाना स्थित संघवी रेजीडेंसी का प्लॉट, बड़िया कीमा स्थित सद्गुरु नंदी विहार का प्लॉट, साकार एनआरआई सिटी में लगभग 8 हजार वर्गफीट का प्लॉट और साहिल इंद्रांचल होम्स में एक अन्य प्लॉट सहित कई अचल संपत्तियों का पता चला है। इसके अलावा ओमैक्स डेवलपर्स को प्लॉट खरीदने के लिए 6.70 लाख रुपये का भुगतान भी जांच में सामने आया है।

ये भी पढे़ं : इंदौर में ऑनलाइन सट्टेबाजी का भंडाफोड़, टेलीग्राम से चल रहा था बेटिंग नेटवर्क, एक आरोपी गिरफ्तार

विभाग को नहीं दी संपत्तियों की जानकारी

जांच एजेंसी के अनुसार आरोपी ने कई संपत्तियों की जानकारी नियमानुसार अपने विभाग को नहीं दी थी। ईओडब्ल्यू अब बैंक खातों, निवेश, संपत्ति खरीद और अन्य वित्तीय लेन-देन की विस्तृत जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद यदि अन्य अनियमितताएं सामने आती हैं तो मामले में अतिरिक्त धाराएं और अन्य संबंधित लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई के बाद एमजीएम मेडिकल कॉलेज की खरीद व्यवस्था और वित्तीय प्रक्रियाएं भी जांच के दायरे में आ गई हैं।

Navbharat Live
navbharatlive.com