इंदौर में 200 रुपये के नकली नोट बनाने वाले रैकेट का पर्दाफाश, तीन आरोपी गिरफ्तार; ऐसे हुआ मामले का खुलासा

Counterfeit Note Case Indore: इंदौर में जाली नोट छापने वाले गिरोह का भंडाफोड़, ₹200 के 424 नकली नोट और कलर्ड प्रिंटर के साथ 3 गिरफ्तार, इंटरनेट से सीखी थी छपाई की क्रोनोलॉजी।
Indore police bust fake ₹200 currency note racket
इंदौर में फर्जी नोट छापने वाले रैकेट का पर्दाफाश (सोर्स- सोशल मीडिया)
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Indore Fake Currency Racket Exposed: इंदौर के गांधी नगर थाना क्षेत्र में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए नकली नोट छापने और उन्हें बाजार में खपाने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जहां गांधी नगर इलाके में क्षेत्र के सांवरिया रेस्टोरेंट पर नकली नोट चलाते हुए एक आरोपी रंगे हाथों पकड़ा गया।

पुलिस ने उसकी निशानदेही पर गिरोह के दो अन्य सदस्यों, जय वैष्णव और रवि चौधरी को भी गिरफ्तार किया है. आरोपियों के पास से 200 रुपये के 424 नकली नोट यानि कुल 84 हजार के नकली नोट और कलर्ड प्रिंटर जब्त किए गए हैं।

चाय-नाश्ता के चक्कर में फंसा आरोपी

इंदौर के गांधी नगर थाना क्षेत्र में पुलिस ने नकली नोटों के साथ तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, एडिशनल डीसीपी अमरेंद्र सिंह के मुताबिक, मुख्य आरोपी दीपक पटेल गांधी नगर क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सांवरिया रेस्टोरेंट पर चाय-नाश्ता करने पहुंचा था। वहां उसने दुकानदार को 200 रुपये का एक नोट दिया। दुकानदार को नोट की बनावट देखकर संदेह हुआ, जिसके बाद दोनों के बीच थोड़ा विवाद भी हुआ। दुकानदार ने समझदारी दिखाते हुए तुरंत पुलिस को मामले की सूचना दी।

पुलिस ने मामला किया दर्ज

सूचना मिलते ही गांधी नगर पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और दीपक पटेल को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि नोट नकली था। तलाशी लेने पर उसके पास से कुछ और नकली नोट भी बरामद हुए। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता के तहत मामला दर्ज कर जब उससे कड़ाई से पूछताछ की, तो इस गिरोह के दो अन्य साथियों जय वैष्णव और रवि चौधरी के नाम भी सामने आए, जिन्हें पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

बड़ी सफाई से छापे जाते थे 200 के नकली नोट

गौरतलब है कि, आरोपी उच्च गुणवत्ता वाले पेपर और कलर्ड प्रिंटर की मदद से बड़ी सफाई से 200-200 रुपये के नकली नोट छापते थे। फिर उन्हें अच्छी तरह से कटिंग करके बाहरी और स्थानीय दुकानों पर छोटे-मोटे लेन-देन में खपाते थे।

इंदौर पुलिस ने इनके पास से 200 रुपये के 424 नकली नोट कुल 84,000 रुपये और एक तरफ से प्रिंट किए गए 500 रुपये के नोट जब्त किए हैं। पूछताछ में पता चला कि आरोपियों ने नकली नोट छापने का यह तरीका ऑनलाइन और सोशल मीडिया में आई खबरों से सीखा था। फिलहाल मामले की आगे की जांच की जा रही है।

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