

Indore Sugar Seized : मध्यप्रदेश शासन द्वारा लागू किए गए शक्कर नियंत्रण आदेश के तहत इंदौर में खाद्य विभाग ने शक्कर के स्टॉक और भंडारण की जांच शुरू कर दी है। इसी कड़ी में खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने पालदा क्षेत्र में स्थित चॉकलेट फेक्ट्री का निरीक्षण किया।
जांच के दौरान निर्धारित स्टॉक सीमा से अधिक शक्कर का भंडारण पाए जाने पर विभाग ने 375 क्विंटल शक्कर जब्त की है। मामले में संबंधित दस्तावेजों और स्टॉक का परीक्षण किया जा रहा है।
खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने पालदा स्थित पैपे न्यूट्रिशन इंदौर का निरीक्षण किया। यह इकाई चॉकलेट निर्माण से जुड़ी हुई है। जांच के दौरान टीम को निर्धारित सीमा से अधिक शक्कर का भंडारण मिला। इसके बाद मौके पर मौजूद 375 क्विंटल शक्कर को जब्त कर लिया गया।विभाग की ओर से प्रतिष्ठान के भागीदारों से संबंधित दस्तावेजों और स्टॉक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। अधिकारियों द्वारा यह देखा जा रहा है कि मौके पर उपलब्ध शक्कर का स्टॉक किस आधार पर रखा गया था और क्या उसका भंडारण निर्धारित नियमों के अनुरूप था।
चॉकलेट निर्माण इकाई के अलावा खाद्य विभाग की टीम ने पालदा क्षेत्र में स्थित शक्कर डीलरों के गोदामों का भी निरीक्षण किया। विभागीय जांच के दौरान अलग-अलग प्रतिष्ठानों में बड़ी मात्रा में शक्कर का स्टॉक मिला, हालांकि सभी डीलरों के यहां स्टॉक निर्धारित सीमा के भीतर पाया गया।
खाद्य विभाग के निरीक्षण में इन सभी शक्कर डीलरों के यहां उपलब्ध स्टॉक भारत सरकार एवं राज्य सरकार द्वारा निर्धारित 4000 क्विंटल की सीमा के भीतर पाया गया। यानी जांच किए गए डीलरों के गोदामों में फिलहाल निर्धारित सीमा से अधिक शक्कर का भंडारण सामने नहीं आया।
वहीं, चॉकलेट निर्माण इकाई में निर्धारित सीमा से अधिक स्टॉक पाए जाने के कारण 375 क्विंटल शक्कर जब्त की गई है। विभाग द्वारा इस मामले में आगे की जांच की जा रही है।
खाद्य विभाग ने शक्कर नियंत्रण आदेश के प्रावधानों के तहत जिले में शक्कर के स्टॉक और भंडारण की निगरानी लगातार जारी रखने की बात कही है। विभाग की टीमें शक्कर उत्पादकों, डीलरों और अन्य संबंधित प्रतिष्ठानों में उपलब्ध स्टॉक की जांच कर रही हैं।
अधिकारियों के मुताबिक, जांच के दौरान यदि किसी प्रतिष्ठान में निर्धारित सीमा से अधिक शक्कर का स्टॉक पाया जाता है तो संबंधित के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। विभाग का फोकस शक्कर की उपलब्धता, भंडारण और निर्धारित स्टॉक सीमा के पालन की निगरानी पर है।