दुग्ध उत्पादन में नंबर वन बनेगा मध्य प्रदेश, मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किसानों के लिए किए कई बड़े ऐलान

Mohan Yadav News : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश को अगले पांच वर्षों में दुग्ध उत्पादन में देश का नंबर वन राज्य बनाया जाएगा। ग्वालियर में उन्नत कृषि कार्यशाला में कई घोषणाएं की हैं।
MP Milk Production Number One
मुख्यमंत्री मोहन यादव (फोटो सोर्स- नवभारत)
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MP Milk Production Number One: मध्य प्रदेश को दुग्ध उत्पादन में देश का नंबर वन राज्य बनाने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने ग्वालियर में आयोजित ‘उन्नत कृषि संभागीय कार्यशाला’ में कृषि और पशुपालन क्षेत्र में बड़े बदलावों की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि किसानों की आय बढ़ाने के लिए पारंपरिक खेती के साथ बहु-फसली खेती और आधुनिक पशुपालन को बढ़ावा देना जरूरी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्य प्रदेश वर्तमान में देश में दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र में तीसरे स्थान पर है। सरकार का लक्ष्य है कि अगले पांच वर्षों में प्रदेश को दुग्ध उत्पादन में पहले स्थान पर लाया जाए। इसके लिए नेशनल डेयरी विकास योजना के तहत ग्वालियर और सांची दुग्ध संघों को और अधिक मजबूत किया जा रहा है।

सिंचाई का रकबा 100 लाख हेक्टेयर तक ले जाने का लक्ष्य

सीएम डॉ. मोहन यादव ने सिंचाई क्षेत्र में प्रदेश की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए कहा कि वर्ष 2003 में मध्य प्रदेश में सिंचाई का रकबा करीब 7.5 लाख हेक्टेयर था, जो अब बढ़कर 50 लाख हेक्टेयर तक पहुंच गया है। सरकार का लक्ष्य इसे बढ़ाकर 100 लाख हेक्टेयर तक ले जाना है। इसके लिए चंबल-पार्वती-कालीसिंध और केन-बेतवा नदी जोड़ो परियोजनाओं पर काम किया जा रहा है।

लोन चुकाने के लिए 1 साल का समय देने का फैसला

मुख्यमंत्री ने किसानों के लिए राहत की घोषणा करते हुए कहा कि अब उन्हें कृषि ऋण जमा करने के लिए 31 मार्च की समय सीमा को लेकर चिंता करने की जरूरत नहीं है। सरकार ने किसानों को ऋण चुकाने के लिए पूरे एक वर्ष का समय देने का निर्णय लिया है। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने गौ-संरक्षण को लेकर भी सरकार की योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्रों में पुरानी व्यवस्था को समाप्त कर आधुनिक गौशालाओं का निर्माण किया जाएगा। इंदौर, उज्जैन, जबलपुर, भोपाल और ग्वालियर सहित प्रमुख शहरों में बड़ी गौशालाएं विकसित की जा रही हैं।

कृषि में नई तकनीकों को अपनाने पर जोर

उन्होंने कृषि में नई तकनीकों को अपनाने पर जोर देते हुए बताया कि ग्वालियर के खुरैरी और ग्राम जहांगीरपुर में करीब 13 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक हाईटेक नर्सरी और फ्लोरीकल्चर गार्डन तैयार किए जा रहे हैं। इससे किसानों को आधुनिक खेती और नई तकनीकों की जानकारी मिलेगी। मुख्यमंत्री ने राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय में समन्वित कृषि प्रणाली और बहु-स्तरीय कृषि पद्धति का लोकार्पण भी किया। उन्होंने कहा कि यह मॉडल किसानों को कम लागत में अधिक उत्पादन और बेहतर आय प्राप्त करने में मदद करेगा।

सड़क सुरक्षा को लेकर संदेश

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने सड़क सुरक्षा को लेकर भी संदेश दिया। उन्होंने लोगों को हेलमेट वितरित कर यातायात नियमों का पालन करने की अपील की। साथ ही ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत आम का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना और कृषि को लाभ का व्यवसाय बनाना है। इसके लिए खेती, पशुपालन, सिंचाई और आधुनिक तकनीक के क्षेत्र में लगातार योजनाएं लागू की जा रही हैं।

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