ग्वालियर में जहरीले कोबरा ने सपेरे को डसा, सांप को डिब्बे में बंद कर खुद अस्पताल पहुंचा, मच गया हड़कंप

Gwalior JAH Hospital : ग्वालियर में कोबरा के डसने के बाद सपेरा सांप को डिब्बे में बंद कर जयारोग्य अस्पताल पहुंच गया। डिब्बे में कोबरा देखकर अस्पताल में हड़कंप मच गया।
Snake Charmer Arrives at Gwalior Hospital with a Cobra
सपेरे को कोबरा ने डसाफोटो सोर्स- नवभारत
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Gwalior Snake Bite : बारिश के मौसम के बाद ग्वालियर अंचल में सर्पदंश के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। इसी बीच ग्वालियर के हजार बिस्तर जयारोग्य चिकित्सालय में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक सपेरा जहरीले कोबरा को डिब्बे में बंद करके खुद के इलाज के लिए अस्पताल पहुंच गया। सपेरे को कोबरा ने उस समय डसा था, जब वह ग्रामीणों के बुलावे पर सांप पकड़ने गया था।

जानकारी के मुताबिक ग्वालियर के मऊ जमाहर गांव निवासी ग्यासी राम को सितावलीपुर गांव में सांप पकड़ने के लिए बुलाया गया था। वह ग्रामीणों के घर पहुंचकर सांप पकड़ रहा था, तभी जहरीले कोबरा ने उसे डस लिया। सर्पदंश के बाद भी सपेरा घबराया नहीं और उसने कोबरा को पकड़कर एक डिब्बे में बंद कर दिया।

डिब्बे में कोबरा लेकर अस्पताल पहुंचा

सर्पदंश के बाद ग्यासी राम को अपनी जान की चिंता थी, लेकिन उसने सांप को मौके पर छोड़ने के बजाय उसे डिब्बे में बंद किया और लेकर जयारोग्य अस्पताल पहुंच गया। अस्पताल में जब डॉक्टरों और कर्मचारियों को डिब्बे के अंदर जहरीला कोबरा दिखाई दिया तो वहां हड़कंप की स्थिति बन गई। इसके बाद सपेरे को तत्काल उपचार के लिए ले जाया गया और सांप को सुरक्षित तरीके से अस्पताल परिसर से हटाने की व्यवस्था की गई।

सपेरे ने खुद किया प्राथमिक उपचार

घायल सपेरे ने बताया कि कोबरा के डसने के बाद उसने काटे गए स्थान पर चाकू से चीरा लगाकर खून निकालने की कोशिश की। उसका कहना है कि इससे उसे लगा कि सांप के जहर का असर कम हो गया। हालांकि, सांप के काटने पर खुद से चाकू चलाना चिकित्सकीय रूप से सुरक्षित तरीका नहीं माना जाता और सर्पदंश की स्थिति में तत्काल अस्पताल पहुंचना जरूरी है।

पहले भी कई सांप पकड़ चुका है सपेरा

ग्यासी राम का कहना है कि वह पहले भी कई बार सांप पकड़ चुका है, इसलिए कोबरा के डसने के बावजूद वह घबराया नहीं। उसने सांप को पकड़कर डिब्बे में बंद किया और अस्पताल पहुंच गया। फिलहाल जयारोग्य अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज किया जा रहा है।

डेढ़ महीने में 200 से ज्यादा सर्पदंश के मामले

ग्वालियर जिले में बारिश के बाद सर्पदंश की घटनाओं में बढ़ोतरी की बात सामने आ रही है। स्थानीय जानकारी के मुताबिक पिछले करीब डेढ़ महीने में अंचल में 200 से अधिक सर्पदंश के मामले सामने आए हैं और इनमें 20 से ज्यादा लोगों की मौत होने का दावा किया जा रहा है। ऐसे में ग्रामीण और शहरी इलाकों में लोगों को बारिश के मौसम में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।

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अस्पताल पहुंचने से पहले झाड़-फूंक से बचें

विशेषज्ञों के अनुसार सांप के काटने की स्थिति में समय गंवाए बिना मरीज को अस्पताल ले जाना चाहिए। घाव पर चीरा लगाना, जहर चूसने की कोशिश करना या झाड़-फूंक में समय गंवाना नुकसानदायक हो सकता है। ग्यासी राम का इलाज फिलहाल जयारोग्य अस्पताल में जारी है।

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