

Seondha Civil Court Malkhana Theft Case: दतिया जिले के सेवढ़ा में सिविल न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। अज्ञात चोरों ने न्यायालय के मालखाने का ताला तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम दिया। घटना की जानकारी सामने आने के बाद पुलिस विभाग में भी हड़कंप मच गया।
सेवढ़ा पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया और अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वहीं, न्यायालय परिसर में हुई चोरी ने रात की सुरक्षा और पुलिस गश्त को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
जानकारी के मुताबिक, चोरों ने सिविल न्यायालय परिसर को निशाना बनाते हुए मालखाने का ताला तोड़ा और अंदर प्रवेश किया। सुबह जब न्यायालय परिसर में चोरी की जानकारी सामने आई तो इसकी सूचना पुलिस को दी गई। इसके बाद सेवढ़ा पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। हालांकि, मालखाने से वास्तव में कितना और क्या-क्या सामान चोरी हुआ है, इसकी आधिकारिक जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद चोरी गए सामान का स्पष्ट विवरण सामने आएगा।
घटना के दौरान न्यायालय परिसर में तैनात चौकीदार के मौजूद नहीं होने की बात भी सामने आई है। ऐसे में न्यायालय जैसे संवेदनशील परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं। रात के समय परिसर की निगरानी किस तरह की जा रही थी और पुलिस की गश्त कितनी प्रभावी थी, इन बिंदुओं को भी जांच में शामिल किया जा सकता है। घटना ने न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की जरूरत भी सामने ला दी है।
चोरी की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने के लिए डॉग स्क्वायड की मदद ली। दतिया पुलिस की टीम ने परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सुराग तलाशने का प्रयास किया। पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की पहचान के लिए उपलब्ध साक्ष्यों और अन्य तकनीकी जानकारी की जांच की जा रही है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मंजीत सिंह चावला भी सेवढ़ा सिविल न्यायालय पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिस अधिकारियों से घटना की जानकारी ली और जांच की प्रगति का जायजा लिया। पुलिस का दावा है कि आरोपियों की जल्द पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा। फिलहाल चोरी की घटना के बाद न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और रात्रि गश्त पुलिस के लिए अहम जांच का विषय बन गई है।