रेप के आरोपी इंजीनियर ने कर ली खुदकुशी, परिजनों का आरोप- 'लाखों की डिमांड और ब्लैकमेलिंग होती थी'

Dabra POCSO Case: ग्वालियर में रेप के आरोपी 26 वर्षीय इंजीनियर ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली। परिजनों का आरोप है कि पीड़ित पक्ष केस वापसी के नाम पर 60 लाख रुपये की मांग कर ब्लैकमेल कर रहा था।
madhya pradesh suicide news
रेप के आरोपी इंजीनियर लव जाट, फोटो- सोशल मीडिया
Published on: 
Updated on: 

Rape accused Engineer Commits Suicide: मध्य प्रदेश के ग्वालियर में एक इंजीनियर की खुदकुशी ने सनसनी फैला दी है। 3 साल की बच्ची से दुष्कर्म के आरोप में फंसे लव जाट ने जहर खाकर जान दे दी। अब मृतक के परिजनों ने पीड़ित की मां और वकील पर 30 लाख रुपये की वसूली और 60 लाख रुपये की ब्लैकमेलिंग का गंभीर आरोप लगाया है।

ग्वालियर का रहने वाला 26 वर्षीय लव जाट एक शिक्षित युवक था, जिसने बी.टेक किया था और एक मल्टीनेशनल कंपनी (MNC) में कार्यरत था। अप्रैल 2025 में उस पर डबरा में एक 3 साल की मासूम से दुष्कर्म का मामला दर्ज हुआ था। परिजनों के अनुसार, एफआईआर दर्ज होने के बाद लव की नौकरी चली गई, जिससे वह गहरे डिप्रेशन में चला गया था। बदनामी और करियर खत्म होने के डर से वह डबरा छोड़कर ग्वालियर में अपने चाचा के घर रहने लगा था, जहां उसने यह आत्मघाती कदम उठाया।

'30 लाख ले चुके थे, फिर भी मांगे और 30 लाख'

लव की मौत के बाद इस मामले में एक नया और चौंकाने वाला मोड़ आ गया है। परिजनों ने सुसाइड के पीछे ब्लैकमेलिंग की एक लंबी कहानी बयां की है। उनका दावा है कि केस वापस लेने और राजीनामे के बदले बच्ची की मां 60 लाख रुपये की मांग कर रही थी। परिवार का आरोप है कि आरोपी पक्ष डरा-धमकाकर उनसे 30 लाख रुपये पहले ही वसूल चुका था, लेकिन इसके बावजूद और 30 लाख रुपये की मांग की जा रही थी। इसमें आरोपियों के वकील पर भी धमकाने और ब्लैकमेलिंग में शामिल होने का आरोप लगाया गया है।

क्या था डबरा का वह विवाद?

घटना अप्रैल 2025 की है, जब लव छुट्टी पर अपने घर आया था और डबरा में अपने दोस्त आकाश के घर रुका था। वहां की एक महिला ने आरोप लगाया था कि 22 अप्रैल को लव और आकाश उसकी बच्ची को कार में घुमाने ले गए थे, जहाँ बच्ची ने वापस लौटने पर उन पर 'गंदी हरकत' के आरोप लगाए थे। पुलिस ने उस वक्त बच्ची के प्राइवेट पार्ट पर चोट के निशान और उसके बयान के आधार पर मामला दर्ज किया था।

पुलिस कर रही सबूतों की तलाश

इंजीनियर की मौत की सूचना मिलते ही पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस अब परिजनों द्वारा लगाए गए उगाही और ब्लैकमेलिंग के आरोपों की गहनता से जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि सुसाइड नोट या अन्य तकनीकी साक्ष्यों (जैसे कॉल रिकॉर्डिंग्स) के आधार पर दोषियों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com