

Twisha Sharma Bhopal Death Case Protest Outside CM House: राजधानी भोपाल में चर्चित ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत के मामले में लगातार नए खुलासे और अपडेट सामने आ रहे हैं। मामले की जांच को लेकर ट्विशा शर्मा के परिजन रविवार, 17 मई 2026 को सीएम निवास पहुंचे।
परिवार का आरोप है कि ससुराल पक्ष के दबाव के कारण केस की जांच धीमी पड़ गई है। परिजनों ने कहा कि ट्विशा की सास रिटायर्ड जज और उपभोक्ता फोरम की अध्यक्ष रह चुकी हैं, जिसकी वजह से उनका प्रभाव ज्यादा है। ऐसे में निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए परिवार ने मामले को भोपाल से बाहर ट्रांसफर करने की मांग की है।
द्विशा शर्मा के परिवार ने कहा कि कोर्ट में भी किसी वकील ने उनका सहयोग नहीं किया। बता दें कि इससे पहले पुलिस ने दहेज मृत्यु और प्रताड़ना के मामले में रिटायर्ड जज और उनके बेटे के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी, जबकि मामले की जांच के लिए एसआईटी भी गठित की गई है।
ट्विशा शर्मा के परिजन क्रिमिनल वकील दामाद समर्थ सिंह और सास गिरिबला सिंह के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग पर पिछले पांच दिनों से अड़े हुए हैं। परिवार का कहना है कि जब तक आरोपियों पर कठोर कदम नहीं उठाए जाते, तब तक वे पीछे नहीं हटेंगे। इसी नाराजगी के चलते परिजनों ने ट्विशा का शव लेने से भी इनकार कर दिया है। यही वजह है कि अब तक न तो पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी हो सकी है और न ही अंतिम संस्कार किया जा सका है।
राजधानी भोपाल के चर्चित ट्विशा शर्मा सुसाइड केस में सास गिरिबला सिंह और समर्थ सिंह को कोर्ट से जमानत मिल चुकी है। जमानत मिलने के बाद से ही परिजनों में भारी नाराजगी और आक्रोश देखा जा रहा है। मामले की अगली सुनवाई सोमवार यानी 18 मई को प्रस्तावित है। वहीं, केस की जांच फिलहाल एसआईटी द्वारा की जा रही है। बताया जा रहा है कि ट्विशा के शव को पोस्टमार्टम के लिए एम्स ले जाया जाएगा।