MP News: सीट से गायब रहे तो कट जाएगी सैलरी! इन सरकारी विभागों में लागू होगा नया 'केंद्रीय सर्वर अटेंडेंस नियम'

MPSEDC Attendance Software Development: MP सरकार कर्मचारियों के लिए बायोमैट्रिक अटेंडेंस अनिवार्य करने जा रही है। अब सॉफ्टवेयर के जरिए दफ्तर से गायब रहने वाले कर्मचारियों की शॉर्ट लीव दर्ज हो जाएगी।
MP Govt To Launch Advanced Biometric Attendance System For 5 Lakh Employees Update
प्रतीकात्मक इमेज (सोर्स- एआई जनरेटेड)
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Madhya Pradesh Biometric Attendance System: मध्य प्रदेश सरकार अपने करीब 5.50 लाख कर्मचारियों के लिए बायोमैट्रिक अटेंडेंस सिस्टम लागू करने की तैयारी में है। सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) से मंजूरी मिलने के बाद सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट की जिम्मेदारी एमपीएसईडीसी को सौंपी गई है।

इस नई व्यवस्था के तहत कर्मचारियों की उपस्थिति और अनुपस्थिति का रियल टाइम रिकॉर्ड रखा जाएगा। इससे यह पता चल सकेगा कि कर्मचारी अपनी सीट पर मौजूद हैं या नहीं। सरकार का मानना है कि इससे उपस्थिति व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ेगी और कर्मचारी लंबे समय तक अपनी डेस्क से गायब नहीं रह सकेंगे।

क्या है अटेंडेंस का नया सिस्टम?

एमपीएसईडीसी द्वारा तैयार किए जा रहे सॉफ्टवेयर में कर्मचारी के मशीन पर पंच करते ही उसका लॉग-इन सीधे केंद्रीय सर्वर पर दर्ज हो जाएगा। इसमें ऑटोमेशन फीचर भी शामिल किया जा रहा है, जिससे विभागाध्यक्ष, कलेक्टर और मंत्रालय स्तर पर तत्काल मॉनिटरिंग संभव हो सकेगी। प्रारंभिक चरण में यह व्यवस्था मंत्रालय, सतपुड़ा, विंध्याचल और भोपाल स्थित विभागाध्यक्ष कार्यालयों में लागू की जाएगी। इसके बाद इसे कमिश्नर कार्यालयों, कलेक्ट्रेट और अन्य सरकारी दफ्तरों तक विस्तार देने की योजना है।

लंबे समय तक अपनी सीट से गायब नहीं हो पाएंगे कर्मचारी

नई व्यवस्था में यदि कोई कर्मचारी लंबे समय तक अपनी सीट से अनुपस्थित रहता है, तो सॉफ्टवेयर स्वतः शॉर्ट लीव या हाफ डे दर्ज कर देगा। सिस्टम यह भी स्पष्ट रूप से बताएगा कि कौन कर्मचारी अपनी डेस्क पर मौजूद है और कौन फील्ड में कार्य कर रहा है। इसमें सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक का समय दर्ज किया जाएगा। यदि कोई कर्मचारी निर्धारित समय से पहले कार्यालय छोड़ता है या देर से आता है, तो सिस्टम अपने आप संबंधित अवकाश की एंट्री रिकॉर्ड कर लेगा।

बदले जाएंगे यह दो नियम

  • दो बच्चे नीति में बदलाव: बता दें कि, अब तक मध्य प्रदेश में लागू “दो ही बच्चे अच्छे” नीति को समाप्त करने की तैयारी है। इसके बाद दो से अधिक बच्चों वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई का खतरा नहीं रहेगा।
  • गिफ्ट लेने के नियम होंगे आसान: सरकारी अधिकारी और कर्मचारी अब अपनी एक महीने की सैलरी तक का उपहार आसानी से स्वीकार कर सकेंगे। हालांकि, इससे अधिक मूल्य के गिफ्ट लेने पर कार्रवाई का प्रावधान लागू रहेगा।

इसके अलावा निवेश से जुड़े नियमों को भी अधिक स्पष्ट बनाया जाएगा। नए प्रावधानों के अनुसार, किसी कर्मचारी का निवेश उसकी आय से अधिक नहीं होना चाहिए। यह सभी बदलाव संशोधित सेवा नियमों के तहत किए जा रहे हैं।

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