

Giribala Singh Removed From District Consumer Forum President Post: भोपाल के चर्चित ट्विशा शर्मा संदिग्ध मौत मामले में मध्य प्रदेश सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। पूर्व जज और वर्तमान में भोपाल जिला उपभोक्ता आयोग की अध्यक्ष गिरिबाला सिंह(ट्विशा शर्मा की सास) को पद से हटाने के साथ ही उनके खिलाफ जांच को लेकर पत्र लिखा। इसकी जानकारी मध्य प्रदेश के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद राजपूत ने सागर में दी।
सरकार के इस सख्त रुख के बाद प्रशासनिक और कानूनी हलकों में हलचल तेज हो गई है। दरअसल, ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत का मामला लंबे समय से चर्चा में है। इस प्रकरण में गिरिबाला सिंह का नाम सामने आने के बाद विवाद और बढ़ गया था।
जानकारी के अनुसार, खाद्य विभाग के उप सचिव की ओर से राज्य उपभोक्ता आयोग के रजिस्ट्रार को एक पत्र भेजा गया है। इसमें स्पष्ट रूप से कहा गया है कि गिरिबाला सिंह के खिलाफ दर्ज प्रकरण को देखते हुए उपभोक्ता संरक्षण नियम 2020 के उप-नियम 9(2) के तहत आवश्यक कार्रवाई की जाए। इसी प्रावधान के तहत पद से हटाने और जांच की प्रक्रिया का प्रावधान है। सरकार ने रजिस्ट्रार से पूरे मामले की विस्तृत जांच कर शीघ्र रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। माना जा रहा है कि यह कार्रवाई ट्विशा शर्मा प्रकरण में दर्ज दहेज प्रताड़ना मामले के बाद और तेज हुई है।
गौरतलब है कि गिरिबाला सिंह के खिलाफ भोपाल के कटारा हिल्स थाने में मामला दर्ज है और वे फिलहाल जमानत पर हैं। अब शासन स्तर पर उनके आचरण और पद पर बने रहने को लेकर गंभीरता से समीक्षा की जा रही है। इस मामले में खाद्य मंत्री गोविंद राजपूत ने स्पष्ट कहा है कि सरकार पूरे प्रकरण को गंभीरता से ले रही है और नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। विभाग की ओर से जांच प्रक्रिया को भी तेज करने के निर्देश दिए गए हैं।
वंही दूसरी तरफ ट्विशा शर्मा मामले को लेकर एक कथित ऑडियो सामने आने का दावा किया गया है, जिसमें रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह और मेजर हर्षित के बीच बातचीत होने की बात कही जा रही है। हालांकि इस ऑडियो की आधिकारिक पुष्टि अब तक नहीं हुई है, लेकिन इसके सामने आने से मामला और अधिक सुर्खियों में आ गया है।
वहीं, दूसरी ओर ट्विशा शर्मा के परिजनों ने दोबारा पोस्टमार्टम कराने की मांग उठाई है। जानकारी के अनुसार, परिवार इस संबंध में हाईकोर्ट का रुख करने की तैयारी में है। परिजन लगातार निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।