

Bhopal Teacher Recruitment Protest: मध्य प्रदेश में शिक्षक भर्ती के पद बढ़ाने और नियुक्ति की मांग को लेकर अभ्यर्थियों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। भोपाल के नीलम पार्क में लंबे समय से धरना और भूख हड़ताल कर रहे अभ्यर्थियों ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का काफिला रोककर अपनी मांगों से जुड़ा ज्ञापन सौंपा। अभ्यर्थियों ने सरकार से जल्द निर्णय लेने की मांग की।
वर्ग-2 और वर्ग-3 शिक्षक भर्ती 2025 के अभ्यर्थी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के काफिले के सामने पहुंच गए। बरखेड़ी के पास अभ्यर्थियों ने काफिला रोककर पदवृद्धि की मांग मुख्यमंत्री के सामने रखी और ज्ञापन सौंपा। अभ्यर्थियों का कहना है कि शिक्षक भर्ती में अधिक पद स्वीकृत किए जाएं, ताकि पात्र अभ्यर्थियों को नियुक्ति का अवसर मिल सके। नीलम पार्क में 21 अगस्त से अनिश्चितकालीन आंदोलन चल रहा है और कई अभ्यर्थी भूख हड़ताल पर भी बैठे हैं।
वहीं, वर्ग-1 चयन परीक्षा 2023 के अभ्यर्थियों ने केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान का नीलम पार्क के पास काफिला रोककर ज्ञापन सौंपा। अभ्यर्थियों ने कहा कि यह भर्ती उनके कार्यकाल के दौरान शुरू हुई थी, इसलिए उन्हें उनकी मांग पर ध्यान देना चाहिए। अभ्यर्थी पिछले तीन साल से पद बढ़ाने और दूसरी काउंसलिंग की मांग को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। नीलम पार्क में वर्ग-1 के अभ्यर्थियों की भूख हड़ताल भी जारी है।
अभ्यर्थियों के अनुसार उच्च माध्यमिक शिक्षक भर्ती परीक्षा 2023 में कुल 8720 पद स्वीकृत और विज्ञापित किए गए थे। पहली काउंसलिंग में केवल 2901 पदों पर नियुक्ति हुई, जबकि 5819 पदों पर अब तक काउंसलिंग नहीं हुई है। अभ्यर्थियों का कहना है कि इन पदों पर दूसरी काउंसलिंग कराकर नियुक्ति की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाए।
आंदोलन को अब राजनीतिक समर्थन भी मिलने लगा है। कांग्रेस के बाद सीजेपी की एंट्री हुई है। अभिजीत दिपके ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए आंदोलन का समर्थन करते हुए कहा कि अभ्यर्थियों का संघर्ष और उनकी तकलीफ अच्छी तरह समझी जा रही है। उन्होंने कहा कि सीजेपी की टीम जमीन पर लगातार अपडेट ले रही है। दूसरी ओर, अभ्यर्थियों ने बारिश और असुविधाओं के बावजूद आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया है।