

Highlights:
भोपाल में सफाई कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी।
करीब 200 कर्मचारियों ने अटल भवन के गेट पर किया प्रदर्शन।
10 हजार के बजाय 25 हजार रुपये मासिक वेतन की मांग।
न्यू मार्केट, एमपी नगर और बिट्टन मार्केट में कचरे के ढेर।
Bhopal Safai Karmchari Strike : दिवाली से पहले राजधानी भोपाल की सफाई व्यवस्था बिगड़ती जा रही है। सफाई कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल का गुरुवार को भी कोई समाधान नहीं निकल सका। शहर की गलियों, कॉलोनियों और प्रमुख बाजारों में कचरे के ढेर जमा हो रहे हैं। डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन प्रभावित होने से लोगों की परेशानी बढ़ गई है।
इस बीच गुरुवार सुबह करीब 200 सफाई कर्मचारियों ने पीएनटी चौराहे से रैली निकालकर अटल भवन स्थित नगर निगम मुख्यालय के गेट पर जोरदार प्रदर्शन किया।
सुबह करीब 200 कर्मचारी पीएनटी चौराहे पर एकत्रित हुए। यहां से रैली के रूप में अटल भवन पहुंचे और भोपाल नगर निगम मुख्यालय के गेट पर नारेबाजी की। कर्मचारियों ने वेतन बढ़ाने, नियमितीकरण और स्थायी नौकरी सहित अपनी लंबित मांगों को लेकर निगम प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई। प्रदर्शन में सफाई कर्मचारियों के साथ नगर निगम के फायर सेफ्टी विभाग के कर्मचारी और गोताखोर भी शामिल हुए।
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों का कहना है कि मौजूदा वेतन में परिवार का खर्च चलाना मुश्किल हो रहा है। उनका दावा है कि करीब 10 हजार रुपये मासिक वेतन में बुनियादी जरूरतें पूरी नहीं हो पातीं। कर्मचारियों ने न्यूनतम 25 हजार रुपये मासिक वेतन देने की मांग उठाई। इसके साथ ही नियमितीकरण, सरकारी कर्मचारी का दर्जा, ठेका प्रथा खत्म करने और अनुकंपा नियुक्ति जैसी मांगें भी दोहराईं।
प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने निगम अधिकारियों के सामने अपनी मांगें रखीं। प्रदर्शनकारियों के मुताबिक, नगर निगम कमिश्नर और अन्य अधिकारी उन्हें देखकर गाड़ी में बैठकर वहां से रवाना हो गए। इससे कर्मचारियों में नाराजगी और बढ़ गई। हालांकि, इस घटनाक्रम पर निगम प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
भोपाल में सफाईकर्मियों की हड़ताल का असर अब शहर के कई इलाकों में दिखाई दे रहा है। न्यू मार्केट, एमपी नगर और बिट्टन मार्केट सहित विभिन्न क्षेत्रों में कचरा जमा होने की शिकायतें हैं। दिवाली के दौरान बाजारों और घरों से निकलने वाले कचरे की मात्रा बढ़ने की आशंका के बीच सफाई व्यवस्था बहाल करना नगर निगम के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।
बुधवार को नगरीय प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय दुबे के साथ कर्मचारी संगठनों की बैठक हुई थी, लेकिन कोई ठोस समाधान नहीं निकल सका। इसके बाद कर्मचारियों ने हड़ताल जारी रखने का फैसला किया। अब सवाल है कि त्योहार से पहले सरकार और निगम प्रशासन इस गतिरोध को कैसे खत्म करेंगे।