

Bhopal Garba Controversy : नवरात्रि के दौरान होने वाले गरबा आयोजनों से पहले ही भोपाल में इसे लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। बीजेपी और कांग्रेस नेताओं के बीच गरबा में मुस्लिम युवकों की एंट्री को लेकर जुबानी जंग शुरू हो गई है। बीजेपी विधायक रामेश्वर शर्मा के बयान के बाद कांग्रेस नेताओं ने उन पर पलटवार किया है।
बीजेपी विधायक रामेश्वर शर्मा ने गरबा आयोजनों में मुस्लिम युवकों की मौजूदगी को लेकर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि अगर मुस्लिम युवक गरबा में आते हैं तो अपनी बहन-बेटियों को भी साथ लेकर आएं और मां की आराधना करें। उन्होंने कहा कि गरबा में आने का उद्देश्य धार्मिक आयोजन में शामिल होना होना चाहिए, न कि किसी तरह की आपत्तिजनक गतिविधि।
रामेश्वर शर्मा ने कहा कि गरबा में आने वाले लोग मां की आराधना के लिए आएं और इसका इस्तेमाल ‘लव जिहाद’ के लिए न करें। उनके इस बयान के बाद गरबा आयोजन को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक बयानबाजी शुरू हो गई।
रामेश्वर शर्मा के बयान पर कांग्रेस मीडिया विभाग के अध्यक्ष मुकेश नायक ने पलटवार किया। उन्होंने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी ने कुछ नेताओं को सिर्फ गाली देने और विवादित बयान देने के लिए रखा हुआ है और रामेश्वर शर्मा उनमें से एक हैं।
मुकेश नायक ने कैलाश विजयवर्गीय का नाम लेते हुए भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि कुछ नेता महत्वाकांक्षा और वासना के शिकार हैं। नायक ने कहा कि व्यक्ति के जीवन में एक समय ऐसा आता है जब महत्वाकांक्षा बनी रहती है, लेकिन ऊर्जा खत्म हो जाती है और ऐसी स्थिति में कामना और महत्वाकांक्षा परेशानी का कारण बनती है।
मुकेश नायक ने रामेश्वर शर्मा को लेकर कहा कि उनका एमएसपी यानी ‘मिनिमम सपोर्ट प्राइस’ ही एक वर्ग पर लगातार टिप्पणी करना और उसे गाली देना है। नायक ने दावा किया कि इसी तरह की बयानबाजी करते हुए वह लगातार चुनाव जीतकर विधायक बनते रहे हैं।
कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने भी रामेश्वर शर्मा के बयान पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भोपाल में कुछ लोगों को आदत हो गई है कि हर धार्मिक आयोजन से पहले ऐसी बयानबाजी की जाए, जिससे उनकी चर्चा हो। उन्होंने कहा कि कुछ लोग सिर्फ चर्चा में आने के लिए इस तरह के बयान देते हैं। आरिफ मसूद ने रामेश्वर शर्मा पर तंज कसते हुए कहा कि “गधा हो तो गधा ही दिखाई देगा” और आरोप लगाया कि इस तरह की भाषा बोलकर वे माहौल को गरमाने का काम कर रहे हैं।
नवरात्रि के दौरान भोपाल में बड़े स्तर पर गरबा आयोजनों का आयोजन होता है। ऐसे में आयोजन शुरू होने से पहले ही गरबा में प्रवेश, पहचान और सुरक्षा को लेकर राजनीतिक बयानबाजी सामने आने लगी है। एक तरफ बीजेपी नेता धार्मिक आयोजन की मर्यादा और सुरक्षा का मुद्दा उठा रहे हैं, वहीं कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि बीजेपी नेता जानबूझकर धार्मिक आयोजनों से पहले विवादित बयान देकर माहौल को राजनीतिक रंग देते हैं।