मौतों की राजधानी बन गया मध्य प्रदेश...बालाघाट में जीतू पटवारी का बड़ा बयान; सरकार पर जमकर साधा हमला

Jitu Patwari Statement: बालाघाट में जीतू पटवारी के बयान से गरमाई सियासत, मध्य प्रदेश को 'मौतों की राजधानी' बताते हुए स्वास्थ्य सेवाओं, जहरीली शराब-पानी कांड और भ्रष्टाचार के लगाए गंभीर आरोप।
Congress leader Jitu Patwari government criticism
जीतू पटवारी ने बालाघाट में भाजपा सरकार पर साधा निशाना(सोर्स- नवभारत लाइव)
Published on: 
Updated on: 

Jitu Patwari Attacks MP Government Balaghat: मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने बालाघाट में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर प्रदेश की भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। आदिवासी बच्चों की मौत, स्वास्थ्य सेवाओं में बदहाली और कथित भ्रष्टाचार को लेकर पटवारी ने सरकार को घेरा।

उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में भ्रष्टाचार के चलते स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो चुकी है और इसका खामियाजा आम लोगों, खासकर आदिवासी परिवारों को भुगतना पड़ रहा है।

अब मौत की राजधानी बन गया है मध्य प्रदेश- जीतू पटवारी

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि मध्य प्रदेश अब मौतों की राजधानी बन गया है। बालाघाट में बच्चों की मौत का मामला उठाते हुए उन्होंने दावा किया कि करीब डेढ़ साल पहले भी बड़ी संख्या में बच्चों की मौत हुई थी। उन्होंने कहा कि सरकारी रिकॉर्ड में 36 बच्चों की मौत दर्ज है, जबकि उनके अनुसार वास्तविक संख्या इससे कहीं अधिक हो सकती है। पटवारी ने सवाल उठाया कि बालाघाट नक्सलवाद से मुक्त हो गया है, लेकिन इसके बावजूद यहां पर्याप्त डॉक्टरों और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं की व्यवस्था क्यों नहीं की गई।

इंदौर, सागर और छिंदवाड़ा की घटनाओं का भी उठाया मुद्दा

जीतू पटवारी ने बालाघाट में बच्चों की मौत के मामले को प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली और कथित भ्रष्टाचार से जोड़ते हुए इंदौर, सागर और छिंदवाड़ा की घटनाओं का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इंदौर में दूषित पानी पीने से लोगों की मौत हुई, लेकिन राजनीतिक जिम्मेदारी तय नहीं की गई। उनके मुताबिक, केवल छोटे अधिकारियों पर कार्रवाई कर मामले को सीमित कर दिया गया।

जीतू पटवारी ने जहरीली शराब कांड और कफ सिरप वाला मामला उठाया

जीतू पटवारी ने सागर में जहरीली शराब से हुई मौतों और छिंदवाड़ा में कफ सिरप से बच्चों की मौत का मामला उठाते हुए सवाल किया कि इन घटनाओं के लिए जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही कब तय होगी। जीतू पटवारी ने प्रदेश की व्यवस्था पर निशाना साधते हुए कहा, "जहरीली दवा, जहरीली शराब, जहरीला पानी, जहरीला प्रशासन और जहरीली हवा, मध्य प्रदेश में सब कुछ जहरीला हो गया है।" उन्होंने इसे प्रदेश में फैले भ्रष्टाचार का परिणाम बताते हुए सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।

आदिवासी बजट में 90% भ्रष्टाचार का आरोप

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने आदिवासी क्षेत्रों के विकास और स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए आवंटित बजट के इस्तेमाल पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि आदिवासियों के लिए खर्च होने वाले बजट में 90 प्रतिशत तक भ्रष्टाचार हो रहा है। उन्होंने सवाल किया कि आदिवासी बहुल इलाकों में टीकाकरण की योजनाएं अपेक्षित रूप से सफल क्यों नहीं हो पा रही हैं।

पटवारी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 में आदिवासी क्षेत्रों के लिए किए गए 24 हजार करोड़ रुपये के प्रावधान का जिक्र करते हुए कहा कि बजट का लाभ जमीनी स्तर पर दिखाई नहीं दे रहा है। उन्होंने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के बजट और आदिवासी क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुंच को लेकर भी सरकार से जवाब मांगा।

उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल पर साधा निशाना

जीतू पटवारी ने प्रदेश के उपमुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ला पर भी सीधा हमला बोला। उन्होंने उन्हें "मौत का सौदागर" कहते हुए आरोप लगाया कि प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर उन्होंने गंभीरता नहीं दिखाई।

पटवारी ने कहा कि जब प्रदेश में लगातार बच्चों और आम नागरिकों की मौत के मामले सामने आ रहे हैं, तब सरकार को जवाबदेही तय करनी चाहिए। उन्होंने प्रभावित आदिवासी परिवारों को बेहतर इलाज, स्वास्थ्य सुविधाएं और योजनाओं का वास्तविक लाभ उपलब्ध कराने की मांग की।

राहुल गांधी के दौरे पर मुख्यमंत्री से पूछा सवाल

बालाघाट में कांग्रेस अध्यक्ष ने राहुल गांधी के दौरे का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से सवाल किया कि राहुल गांधी जिन गांवों में जाकर प्रभावित परिवारों से मिल रहे हैं, क्या मुख्यमंत्री भी उन गांवों में पहुंचे हैं? उन्होंने कहा कि विपक्ष का काम सरकार को उसकी जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करना है और कांग्रेस इसी भूमिका का निर्वहन कर रही है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com