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पढ़ते समय अगर आती हो नींद, तो ये नुस्खे अपनाएं, भाग जाएगी सुस्ती कोसों दूर

  • Written By: वैष्णवी वंजारी
Updated On: Dec 26, 2023 | 10:21 AM
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सीमा कुमारी

नवभारत डिजिटल टीम: एक तरफ तो फेस्टिव सीजन (Festive Season) चल रहा है, तो दूसरे तरह बच्चों पर पढ़ाई का प्रेशर (Exam Pressure) अभी से बहुत ज्यादा है। खासकर, जो बच्चे बोर्ड एग्जाम (Board Exam) की तैयारी कर रहे हैं, उन्हें सबसे पहले प्री बोर्ड के एग्जाम देना है, उसके बाद बोर्ड एग्जाम, इसे लेकर टेंशन होना लाजमी है।

लेकिन, कई बार पढ़ने के दौरान बच्चों को नींद आने लगती है। बच्चों ही नहीं बड़ों के साथ भी ये समस्या  अक्सर देखने को मिलती है। चाहकर भी वे पढ़ नहीं पाते है। अगर आपके या आपके जानने वाले किसी के साथ भी ऐसा ही हो रहा है तो आइए जानें इसका कारण और कैसे इस परेशानी से बच सकते है।  

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एक्सपर्ट्स के अनुसार, जब हम पढ़ाई करते हैं तो आंखों से जुड़े मसल्स पर प्रेशर पड़ने लगता है। हमारा ब्रेन पढ़ी हुई चीजों को याद कर उसे कलेक्ट करता रहता है। जब आंखों के मसल्स थक जाते हैं या स्लो काम करने लगते हैं तो नींद आने लगती है। कई बार पढ़ने के दौरान हमारे बैठे का तरीका भी गलत होने पर नींद आ सकती है। यह बिल्कुल वैसा ही होता है, जैसे सफर के दौरान बस या ट्रेन में बैठे-बैठे ही हम सो जाते है। इसलिए पढ़ाई के दौरान बॉडी पोस्चर को इस तरह रखना चाहिए, जिससे उसे न ज्यादा आराम महसूस हो और ना ही ज्यादा सुस्ती लगे।

जब भी आप पढ़ाई करने बैठे तो ऐसी जगह चुनें जहां पर्याप्त रोशनी हो। इससे आंखों पर कम प्रभाव पड़ेगा और कम रोशनी वाली जगह बैठने से भी बच जाएंगे। अंधेरे में पढ़ाई करने पर नींद आने लगती है।  

कुछ बच्चों बिस्तर पर बैठकर पढ़ाई करते है। ऐसा करने से आलस और सुस्ती महसूस होती है। जिससे पढ़ने में बिल्कुल भी मन नहीं लगेगा। इसलिए जब भी पढ़ाई करें तो टेबल और कुर्सी पर करें। इससे नींद से बच जाएंगे।

एक्सपर्ट्स का मानना है कि, कई ज्यादा खाने के बाद सुस्ती और नींद आना स्वाभाविक है। ऐसे में जब भी खाना खाएं तो तुरंत बाद पढ़ने न बैठें। पढ़ने से पहले हल्का और पचने वाले भोजन करें। इससे नींद नहीं आएगी और आलस भी नहीं लगेगा।

पढ़ाई करते समय ज्यादा पानी पीना न तो सिर्फ़ आपकी सेहत के लिए फ़ायदेमंद होगा बल्कि इससे आपको एक और फायदा मिलेगा। ज़्यादा पानी पीने से आप को कुछ-कुछ देर बाद अपनी सीट से उठकर मूत्र के लिए जाना पड़ेगा जिससे आपके शरीर की निष्क्रयता टूटेगी और आप सक्रिय बने रहेंगे। साथ ही ज़्यादा पानी पीने से दिमाग हाइड्रेटेड व तरोताज़ा रहता है और इसकी सक्रियता बनी रहती है जिससे आसानी से पाठ याद करने में सहायता मिलती है।

अंग्रेजी की एक मशहूर कहावत है “Early to bed, early to rise makes a man healthy, wealthy and wise” जिसका मतलब है कि जल्दी सोने और जल्दी उठने से शारिरिक तंदरुस्ती, समृद्धि व दिमागी शक्ति में बढ़ावा होता है। विद्यार्थी जीवन में भी इस कथन का उतना ही महत्व है जितना एक आम आदमी के जीवन में। रात को जल्दी सोने से आप पर्याप्त नींद ले सकते हैं जिससे आप सुबह बिलकुल तरोताज़ा उठेंगे। फ्रेश माइंड से चीज़ें याद रखना बहुत ही आसान होता है। और फिर पर्याप्त समय तक सोने के बाद पढ़ाई करते वक्त फिर से नींद आने का कोई मतलब नहीं बनता।

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Published On: Dec 26, 2023 | 10:21 AM

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