देवेंद्र नाथ महतो की बिगड़ी तबियत, आधी रात को आंदोलन खत्म कराने की हुई कोशिश? सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
Jharkhand Student Protest: JPSC-JSSC छात्रों का आंदोलन 16वें दिन भी जारी है। भूख हड़ताल पर बैठे देवेंद्र नाथ महतो की तबीयत बिगड़ गई। इस बीच 9 अगस्त को सरकार से आखिरी वार्ता होगी।
- Written By: प्रिया जैस
देवेंद्र नाथ महतो की बिगड़ी तबियत (सौजन्य-एक्स)
JPSC-JSSC Protest Jharkhand: झारखंड के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में छात्रों के आंदोलन को 16 दिन हो चुके है। इस बीच छात्र संगठन दो बार प्रशासन से बातचीत कर चुका है, लेकिन छात्रों को अभी भी उनकी मांगों पर समाधान नहीं मिल पाया है। रविवार 9 अगस्त को छात्र संगठन सरकार से आखिरी बातचीत करेगा। इस बीच आंदोलन के दौरान भूख हड़ताल पर बैठे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो की तबियत बिगड़ गई है।
रांची में JPSC न्याय मंच के छात्रों का विरोध प्रदर्शन 16वें दिन भी जारी रहा। 2 अगस्त से भूख हड़ताल पर बैठे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो की तबीयत देवेंद्र बिगड़ गई है। महतो का ब्लड शुगर काफी कम हो गया है, जिसके कारण डॉक्टरों को उन्हें सलाइन ड्रिप देनी पड़ी। हालांकि, फिर भी छात्र नेता आंदोलन से हटने को तैयार नहीं है।
Ranchi, Jharkhand: The JPSC Nyay Manch students’ protest continued for the 15th day in Ranchi. Student leader Devendra Nath Mahto, who has been on a hunger strike since August 2, fell ill, prompting doctors to give him a saline drip after his blood sugar dropped pic.twitter.com/vSt57M8f3Z — IANS (@ians_india) August 9, 2026
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आंदोलन हटाने की कोशिश
इस बीच देवेंद्र नाथ महतो के साथ भूख हड़ताल पर बैठे अन्य छात्र ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। कोडरमा से एक छात्र नेता कहा, “मैं झारखंड के कोडरमा से हूं। मेरी भूख हड़ताल का यह छठा दिन है। देवेंद्र बाबू की तबीयत भी थोड़ी बिगड़ रही है। मैं आपको बताना चाहता हूं कि कल रात प्रशासन ने हमें हटाने की गंभीर कोशिशें कीं। आंदोलन को कमजोर करने की कोशिशें हो रही हैं, जबकि साथ ही प्रतिनिधिमंडल को बुलाकर सिर्फ खोखले आश्वासन दिए जा रहे हैं।”
Ranchi, Jharkhand: A Student leader says, “I am from Koderma, Jharkhand. This is my sixth day on hunger strike. Devendra Babu’s health is also slightly deteriorating. I would like to tell you that last night, the administration made serious attempts to remove us. Efforts are… pic.twitter.com/miC5ip3hrt — IANS (@ians_india) August 9, 2026
वहीं एक अन्य छात्र नेता बताया, कि “हम लगातार इस आंदोलन में शामिल रहे हैं। जब तक हमारी मांगें नहीं सुनी जातीं, हम डटे रहेंगे। आज विरोध प्रदर्शन का 16वां दिन है और मेरी भूख हड़ताल का पांचवां दिन। यह आंदोलन अब सिर्फ झारखंड तक सीमित नहीं रहा, यह पूरे देश में फैल चुका है। मुख्यमंत्री बातचीत के लिए प्रतिनिधिमंडल को लगातार बुला रहे हैं, लेकिन कोई ठोस समाधान नहीं निकल पा रहा है।”
Ranchi, Jharkhand: A Student leader says, “We have been continuously participating in the movement. Until our demands are heard, we will continue to stand firm. Today is the 16th day of the protest, and it is the fifth day of my hunger strike. This movement is no longer limited… pic.twitter.com/xKA3dOjYmk — IANS (@ians_india) August 9, 2026
लिखित में मांगा आश्वासन
छात्र प्रतिनिधियों का कहना है कि अब केवल मौखिक आश्वासन से आंदोलन खत्म नहीं होगा। छात्र प्रतिनिधि रवींद्र कुमार पासवान और जेएलकेएम गुट के नेता देवेंद्र नाथ महतो ने स्पष्ट किया है कि सरकार को मांगों पर लिखित और ठोस आश्वासन देना होगा। छात्रों का कहना है कि सभी मांगों पर लिखित निर्णय के बिना वे आंदोलन वापस नहीं लेंगे।
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छात्रों की मुख्य मांगे
- छात्र मुख्य रूप से 14वीं जेपीएससी सिविल सेवा रेगुलर एवं बैकलॉग की मांग।
- 2024 की जेएसएससी सीजीएल परीक्षा को रद्द करने की मां।
- टीडीपीएल एजेंसी की ओर से आयोजित सभी परीक्षाओं को रद्द कर सीबीआई जांच कराने की मांग।
- परीक्षा प्रणाली में सुधार के लिए ठोस कदम उठाने की मांग।
छात्रों से सुझाव मांग रही सरकार
आंदोलनकारी छात्रों का कहना है कि परीक्षा संचालन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए दोनों आयोगों की व्यवस्था में जरूरी बदलाव किए जाएं। इस बीच सरकार ने परीक्षा व्यवस्था में सुधार को लेकर छात्रों और राज्यभर के युवाओं से सुझाव भी मांगे हैं। इसके लिए सरकार की ओर से ईमेल के माध्यम से सुझाव भेजने की व्यवस्था की गई है। हालांकि, आंदोलनकारी छात्र इसे मुख्य मांगों का विकल्प नहीं मान रहे हैं।
