'जम्मू-कश्मीर में राष्ट्रीय प्रतीक को किया कलंकित', दरगाह के शिलापट पर अशोक स्तंभ से बवाल- Video

Srinagar News: जम्मू-कश्मीर की राजधानी श्रीनगर में आज बवाल हो गया। आक्रोशित कंट्टरपंथियों ने दरगाह के शिलापट अशोक स्तंभ को देखकर भड़क गए। इसके बाद उन्होंने राष्ट्रीय चिन्ह का अपमान किया।
'जम्मू-कश्मीर में राष्ट्रीय प्रतीक को किया कलंकित', दरगाह के शिलापट पर अशोक स्तंभ से बवाल- Video
दरगाह, क्षतिग्रस्त शिलापट (फोटो-सोशल मीडिया)
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Jammu Kashmir News: जम्मू-कश्मीर की राजधानी श्रीनगर में ईद-ए-मिलाद के मौके भारी बवाल हो गया। मामला दरगाह के शिलापट पर लगे राष्ट्रीय प्रतीक अशोक स्तंब से जुड़ा हुआ है। आक्रोशित भीड़ ने शिलापट से अशोक स्तंभ को खुरच कर निकाल दिया। अशोक स्तंभ का विरोध कर रहे लोगों ने कहा कि दरगाह के अंदर किसी भी तरह की कोई प्रतिमा नहीं लगाई जा सकती है। यह हमारे धर्म के खिलाफ है।

गौरतलब है कि श्रीनगर में स्थित में हजरतबल दरगाह का हालही में रेनोवेशन हुआ था। इसके बाद दरगाह की दिवार में एक शिलापट लगाया गया था। उस शिलापट में एक तरफ अशोक स्तंभ था और दूसरी तरफ एक इस्लामिक चिन्ह था। इसी पर स्थानीय लोग आक्रोशित हो गए। उन्होंने अशोक स्तंभ को शिलापट से तोड़-फोड़ कर मिटा दिया।

घटना का वायरल वीडियो

घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। लोगों ने घटना में शामिल लोगों को इस्लामिक कट्टरपंथी करार दिया है। वीडियो में स्पष्ट दिख रहा है कि उग्र भीड़ किस तरह हंगामा कर रही है। ताजा लगे शिलापटट् पर फूल भी दिखाई दे रहे हैं।

दो दिन पहले लगाया गया था शिलापट

संगमरमर का यह शिलापट दो दिन पहले जम्मू-कश्मीर वक्फ बोर्ड की अध्यक्ष डॉ. दरख्शां अंद्राबी ने उद्घाटन के दौरान लगाया था। अब इस मामले पर डॉ. दरख्शां अंद्राबी ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि यह घटना बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। राष्ट्रीय प्रतीक को कलंकित करना एक आतंकवादी हमला है। हमलावर एक राजनीतिक दल के गुंडे हैं। इन लोगों ने पहले भी कश्मीर को बर्बाद किया है। अब वे खुलेआम दरगाह शरीफ़ के अंदर आ गए हैं। उन्होंने आगे बताया कि  हमारे प्रशासक बाल-बाल बचे। भीड़ ने उन पर भी हमला किया। इस भीड़ ने राष्ट्रीय प्रतीक को कलंकित करके बहुत बड़ा अपराध किया है। उन्होंने दरगाह की गरिमा को नुकसान पहुंचाया है। एक बार उनकी पहचान हो जाने पर, उन्हें आजीवन दरगाह में प्रवेश करने से प्रतिबंधित कर दिया जाएगा। साथ ही उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।"

पुलिस ने स्थिति पर पाया काबू

घटना की सूचना मिलने के बाद बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पहुंचा और स्थिति को नियंत्रण में किया। इस मामले पर अभी तक कोई मामला दर्ज नहीं किया गया है। हालांकि ऐसी घटनाएं कश्मीर में आराजकता को निमंत्रण दे रही हैं। इससे स्थानीय लोगों और पुलिस प्रशासन की चिंता बढ़ गई है।

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